पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस सूर्यकांत व जस्टिस सुधीर मित्तल की खंडपीठ ने हरियाणा एसजीएमसी के अध्यक्ष जगदीश झींडा को झटका देते हुए शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के चुनाव में हरियाणा से सदस्यों को शामिल करने के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी है। इससे पहले हाईकोर्ट ने किसी भी तरह की अंतरिम राहत से इनकार करते हुए इस तरह के मामलों में पूर्व में दी गई जजमेंट पेश करने को कहा है।
जगदीश झींडा ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर कहा था कि हरियाणा में अलग गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी का गठन किया गया है। इसके लिए हरियाणा सरकार ने अलग एक्ट भी बनाया है।
इस स्थिति में 1925 का सिख गुरुद्वारा एक्ट हरियाणा के मामले में लागू नहीं होता। जब हरियाणा में यह एक्ट ही लागू नहीं होता है तो ऐसी स्थिति में इस एक्ट के अधीन शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की बैठक में हरियाणा से सदस्यों को शामिल करने के फैसले पर तत्काल रोक लगाई जानी चाहिए।