लंबे समय से संघर्ष की राह पर चल रहे पुडा मुलाजिमों ने वीरवार को दो दिवसीय कलमबंद हड़ताल शुरू कर दी। इससे राज्य में स्थित पुडा की सभी इकाईयों में काम रुक गया। पुडा भवन में विभिन्न कामों से आने वाले लोगों को निराश होकर लौटना पड़ा। यहां तक की सिंगल विंडो पर भी लोगों की शिकायतों को नहीं सुना गया।
जानकारी के मुताबिक वीरवार को पुडा के सभी मुलाजिम टाइम से अफिस पहुंच गए थे। इस दौरान अपनी ब्रांचों में काम करने की बजाय मुलाजिम धरनास्थल पर इकट्ठे हुए। इसके बाद मुलाजिमों ने सरकार एवं मैनेजमेंट के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। मुलाजिमों के संघर्ष में रिटायर मुलाजिम भी शामिल हो गए।
रिटायर मुलाजिम बलराज कुमार, एचस सोढी, एनएस कलसी, एसके गोयल समेत कई धरनास्थल पर मौजूद रहे। इसके अलावा कई मुलाजिम जत्थेबंदियों के नेता भी धरनास्थल पर पहुंचे। इस दौरान पुडा मुलाजिम तालमेल संघर्ष कमेटी के नेताओं ने बताया कि वे अब संघर्ष से पीछे नहीं हटेंगे। 17 दिसंबर को पुडा मुलाजिमों द्वारा राज्यस्तरीय धरना दिया जाएगा। इसमें राज्य के विभिन्न विभागों के मुलाजिम शामिल होंगे।
इस दौरान मुलाजिमों को महिंदर सिंह धनोआ, जनरैल सिंह, बलजिंदर सिंह बिल्ला, वीर चंद विज, अशोक बजहेड़ी, रेशम सिंह, सुनील मेहता, रशपाल सिंह, प्रगट सिंह, रविंदरपाल सिह, जल्जा राम, हरबंस लाल कालिया, परमजीत सिंह, सुखदेव सिंह, बलबीर मसीह, नराता राम, भाग सिंह, बलीर सिंह, राम सिंह बलदेव सिह, स्वर्ण सहिं, चरनजीत कौर, हरी सिंह व मनजीत सिंह ने संबोधित किया।