चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी आगामी सत्र में किताबों व रिसर्च जर्नल पर अधिक रकम खर्च करेगा। इसके लिए 10 करोड़ 16 लाख का बजट पास हुआ है। यह पिछले वर्ष की अपेक्षा 84 लाख अधिक है। माना जा रहा है कि पीयू में किताबों की अगले शैक्षिक सत्र में कमी नहीं होगी। पुस्तकालयों आदि में विद्यार्थियों की मांग के मुताबिक किताबें पहुंचेंगी।
पीयू की मुख्य लाइब्रेरी एसी जोशी लाइब्रेरी है। इसमें नौ लाख से अधिक किताबें हैं। इसके अलावा हर विभाग की अलग लाइब्रेरी है। पीयू का ध्यान किताबों की ओर हमेशा रहा है। आगे के शैक्षिक सत्र में भी उसी नजरिए से काम किया जा रहा है। इसलिए किताबों व जर्नल्स पर खर्च होने वाली रकम बढ़ाई जा रही है। पिछले साल भी लगभग दस करोड़ रुपये इसके लिए प्रस्तावित किए गए थे, लेकिन इस बार यह बजट बढ़ा है। शोध पत्र प्रकाशन में भी पीयू आगे है। रिसर्च यहां एक से बढ़कर एक होते हैं। कुछ विभाग अपने रिसर्च जर्नल निकालने की तैयारी में हैं। देशभर के विशेषज्ञ यहां के जर्नल में शोध पत्र भेजते हैं, जिनको पीयू गुणवत्ता के आधार पर अपने जर्नल में प्रकाशित करती है। सूत्रों का कहना है कि इस बार पुस्तकालयों में किताबों की संख्या में बड़ी वृद्धि होगी।