पंजाब यूनिवर्सिटी की रविवार को होने वाली सिंडीकेट बैठक कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर हंगामा होने की उम्मीद है। सिंडीकेट में डीएसडब्ल्यू प्रो.जितेंद्र गोस्वामी की नियुक्ति और पीयू कुलपति के खिलाफ यौन शोषण मामले में पीयूकैश की रिपोर्ट रखी जाएगी।
सूत्रों के अनुसार सिंडीकेट में प्रो. गोस्वामी के खिलाफ सिंडीकेट का एक दल पूरी तरह लामबंद हो चुका है। शनिवार देर रात सिंडीकेट सदस्यों के ग्रुप की हुई मीटिंग में प्रो. गोस्वामी की जगह पीयू पत्राचार विभाग(यूसोल) के प्रोफेसर इमैनुअल नाहर का नाम डीएसडब्ल्यू के लिए फाइनल किया गया है। लॉ विभाग के डॉ.रत्न सिंह और पंजाब विभाग के योगराज अंग्रीस भी दावेदारों की लिस्ट में शामिल हो सकते हैं। लेकिन अंतिम फैसला सिंडीकेट में ही होगा। बैठक में एसोसिएट डीएसडब्ल्यू की नियुक्ति को लेकर भी फैसला लिया जाएगा।
गौरतलब है कि अक्तूबर में पूर्व डीएसडब्ल्यू प्रो. नवदीप गोयल और प्रो.नंदिता सिंह ने डीएसडब्ल्यू पद से इस्तीफा दे दिया था। जिसके बाद कुलपति नेे यूआईईटी विभाग के प्रो. जितेंद्र गोस्वामी और डॉ.नीना कपलेश को डीएसडब्ल्यू(वुमन) नियुक्ति कर दिया था। लेकिन इस नियुक्ति का सिंडीकेट के एक धड़े ने विरोध किया।
इसके अलावा सिंडीकेट में पीयू कुलपति के खिलाफ चल रहे यौन उत्पीड़न मामले में पीयू कैश द्वारा रिपोर्ट चंडीगढ़ प्रशासन को नहीं दिए जाने का मुद्दा भी उठेगा। सिंडीकेट में सेक्टर-25 स्थित यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ एप्लाइड मैनेजमेंट साइंसेस (यूआईएएमएस) द्वारा ऑनलाइन एंट्रेंस टेस्ट और विभिन्न नौकरी के लिए ऑनलाइन पेपर लेने के लिए करीब 4 करोड़ की लागत से इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने का प्रस्ताव भी आएगा। पीयू की आर्थिक तंगी को देखते हुए इस प्रस्ताव को फिलहाल कुछ समय के लिए रोका जा सकता है।