शिक्षा सदन में अनशन पर बैठे कंप्यूटर अध्यापकों में शामिल दीपक की तबीयत ज्यादा खराब होने पर मंगलवार को पुलिस ने उन्हें जबरदस्ती अस्पताल पहुंचाया।
इस दौरान पुलिस को विरोध का भी सामना करना पड़ा। साथी शिक्षकों की मांग थी कि अनशन स्थल पर ही स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराई जाए, जबकि प्रशासन अस्पताल में भर्ती कराने पर अड़ा था।
इसी बीच पुलिस ने जैसे ही दीपक को एंबुलेंस में डाला, कुछ प्रदर्शनकारी गाड़ी के आगे लेट गए और पुलिस को बल प्रयोग करके अन्य शिक्षकों को हटाने के बाद दीपक को अस्पताल पहुंचना पड़ा।
इसके बाद शिक्षकों ने जबरदस्त नारेबाजी शुरू कर दी। इसके बाद सात दिनों से अनशन पर बैठे अनशनकारियों की हर एक घंटे स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था की गई।
वहीं, अनशन में शामिल अध्यापक संघ के प्रधान संजय की तबीयत खराब होने पर उनके परिजन घर ले गए। सात महीने से तनख्वाह नहीं मिलने के कारण कंप्यूटर अध्यापक प्रदर्शन कर रहे हैं।