चंडीगढ़। एशिया कप में हुई गलतियों से सबक लेकर टी-20 वर्ल्ड कप की तैयारी कर रहे हैं। वर्ल्ड कप से पहले अभी आठ के करीब मुकाबले खेलने हैं। इन मुकाबलों में अपनी पूरी ताकत झोंकनी होगी। यह बात सोमवार को अभ्यास सत्र से पहले प्रेस वार्ता में भारतीय उप कप्तान केएल राहुल ने कही।
धीमी स्ट्राइक रेट और खराब प्रदर्शन को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि वह एशिया कप से कुछ समय पहले ही इंजरी से उभरे हैं। भारत में क्रिकेट खिलाड़ियों से प्रशंसकों की हमेशा ही उम्मीदें बनी रहती है, लेकिन हर बार यह नहीं होता कि एक ही खिलाड़ी बेहतर रन बनाता रहे। जब मेरा प्रदर्शन खराब रहता है तो प्रशंसकों से पहले मुझे खुद इस बात का सबसे अधिक दुख लगता है। राहुल ने कहा कि मीडिया व प्रशसकों से ज्यादा टीम मैनेजमेंट व वह खुद इस पर ज्यादा चर्चा करते हैं। पूरी टीम इस पर बात करती है। सभी खिलाड़ियों की यही सोच होती है कि उनकी स्ट्राइक रेट बेहतर रहे। टीम में हर खिलाड़ी का अहम रोल होता है। टीम में अपने रोल के बारे में पता है और मैं इसे सुधारने में लगा हुआ हूं।
टीम वर्क से जीता जाता है मुकाबला
केएल राहुल ने कहा कि किसी भी मुकाबले में कभी भी एक खिलाड़ी टीम को जीत नहीं दिला सकता। मैच जीतने में पूरी टीम का एकजुट प्रयास होता है। उन्होंने कहा कि एशिया कप में खेलने वाली लगभग पूरी टीम ही टी- 20 वर्ल्ड कप में खेल रही है। वर्ल्ड कप को एक कड़े चैलेंज के तौर पर टीम इंडिया लेकर चल रही है। हम पूरे जोश से इस पर काम रहे हैं।