पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के सामने एक अनोखा मामला पहुंचा है, जहां पुलिस पर आरोप हैं, जो विभाग की काफी किरकिरी करा सकता है। दरअसल, पुलिस ने याची को रेप पीड़िता बताते हुए प्रेमी को आरोपी बनाकर उसके खिलाफ रेप का मामला दर्ज किया है। पीड़िता ने कहा कि एसपी को उसने इस मामले में शिकायत दी थी परंतु कुछ नहीं हुआ। अब अपनी जान को खतरा बता याची ने हाईकोर्ट से सुरक्षा मांगी है। कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए पीड़िता को नारी निकेतन भेज दिया है।
याची ने एडवोकेट जसविंदर सिंह सैनी के माध्यम से दाखिल याचिका में कहा है कि वह कुरुक्षेत्र निवासी सुरेंद्र सिंह से दो साल से प्यार करती है। इस बात की जानकारी होने पर उसके घरवालों ने पुलिस से मिलकर सुरेंद्र को रेप केस में फंसा दिया। उन्होंने याची को बंधक बना लिया और 16 मार्च 2018 को सुरेंद्र सिंह के खिलाफ रेप की शिकायत लिखने को कहा।
युवती ने याचिका में कहा है कि उसने इससे इनकार कर दिया तो पुलिस अधिकारी ने खुद यह शिकायत लिखी और मेरेहस्ताक्षर भी खुद कर दिए। याची ने कहा कि उसके साथ रेप नहीं हुआ और जिसके खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई है वह उससे प्यार करती है।
घरवालों की कैद से छूटकर भागी
किसी तरह से वह घरवालों की कैद से छूटकर भागी। याची ने हाईकोर्ट में दाखिल याचिका में इस मामले में एक्शन लेने और याची को सुरक्षा देने की मांग की थी। याची ने कहा कि वह मुस्लिम परिवार से है और लड़का जाट परिवार से। ऐसे में याची को यदि सुरक्षा नहीं दी गई तो उसके घरवाले उसे जान से मार देंगे।
रेप मामले को ट्रायल कोर्ट में ही सुलझाना होगा
हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि रेप केस को लेकर हाईकोर्ट कोई फैसला नहीं ले सकता इसे ट्रायल कोर्ट में ही सुलझाना होगा। हालांकि सुरक्षा याची का हक है और इसलिए उसे नारी निकेतन भेजा जाए ताकि वह ट्रायल कोर्ट के सामने बिना किसी डर और दबाव के अपना पक्ष रख सके। साथ ही हरियाणा सरकार व अन्य को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने के आदेश दिए हैं।