गर्लफ्रेंड के लिए 45 की उम्र में की थी फायरिंग
सीआईए फतेहाबाद ने कई सालों से फायरिंग के एक केस में फरार चल रहे एक भगोड़े को काबू किया है। आरोपी की पहचान 82 वर्षीय पंजाब के मोगा निवासी दरबारा सिंह के रूप में हुई है जो 1987 में कोर्ट से जमानत लेने के बाद से फरार चल रहा था। दरअसल दरबारा सिंह के भगोड़ा बनने की कहानी बहुत दिलचस्प है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार साल 1981 में पंजाब के मोगा निवासी दरबारा सिंह की एक महिला मित्र थी, जिसके साथ उसका अफेयर बताया गया था। लेकिन किसी कारणों के चलते वो महिला मित्र दरबारा को छोड़कर चली गई।
मूलत: मोगा का रहने वाला दरबारा सिंह उसके पीछे उस महिला मित्र के गांव तक पहुंच गया और जब उसे इस बात की जानकारी हुई कि उसकी महिला मित्र अब नहीं उसके पास नहीं आएगी तो उसने गुस्से में आकर अपनी लाइसेंसी बंदूक से हवाई फायर कर दिए। उस वक्त दरबारा की उम्र तकरीबन 45 साल के करीब थी। फायरिंग की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची थी और...
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