हरियाणा, पंजाब व चंडीगढ़ में विवाह कार्यक्रम में अधिकतम 50 लोगों को शामिल करने की अनुमति वाली केंद्र सरकार की गाइडलाइन को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है। हाईकोर्ट ने हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और केंद्र सरकार को याची की रिप्रजेंटेशन पर निर्णय लेने के आदेश जारी किए हैं।
याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट को बताया कि केंद्र सरकार ने राज्यों के लिए लॉकडाउन 5 को लेकर गाइडलाइन जारी की थी। इस गाइडलाइन के तहत विवाह कार्यक्रम में अधिकतम 50 लोगों को शामिल होने की अनुमति दी गई थी। याचिकाकर्ता ने बताया कि हरियाणा और पंजाब में दहेज विरोधी अधिनियम लागू है, जिसके तहत विवाह में अधिकतम 25 लोग बतौर बराती शामिल हो सकते हैं।
याचिकाकर्ता ने कहा कि केंद्र सरकार ने 50 लोगों की अनुमति देते हुए हरियाणा और पंजाब जैसे राज्यों के प्रावधानों को नहीं देखा है, जिसके चलते दो कानून आमने-सामने आ गए हैं। इसके साथ ही 50 लोगों के समारोह में शामिल होने पर कोरोना वायरस की लड़ाई कमजोर पड़ जाएगी, क्योंकि 50 लोगों की संख्या बहुत अधिक होती है।
याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट से अपील की कि केंद्र सरकार द्वारा जारी नोटिफिकेशन में संशोधन के आवश्यक आदेश दिया जाएं, ताकि विवाह में 25 लोगों से अधिक बराती के तौर पर शामिल न हो सकें। हाईकोर्ट ने इस मामले में याचिकाकर्ता द्वारा सौंपी गई रिप्रजेंटेशन पर हरियाणा,पंजाब,चंडीगढ़ और केंद्र सरकार को निर्णय लेने के आदेश जारी किए हैं।