पंचकूला। शहर के सेक्टर -6 सिविल अस्पताल की इमरजेंसी में संदिग्ध परिस्थिति में व्यक्ति दिनेश कुमार (35) की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों की ओर से सही तरीके से देखरेख नहीं की गई। इस कारण मरीज को मौत हो गई। हंगामा बढ़ता देख डॉक्टरों की ओर से पुलिस को फोन किया गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाने के साथ ही शव को पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। जानकारी के मुताबिक, मृतक दिनेश कुमार के पिता नंदन ने बताया कि सुबह उनकी तबीयत खराब हो गई थी। सीने में दर्द और उल्टी अधिक होने के बाद मरीज को इलाज के लिए सेक्टर-6 सिविल अस्पताल लाया गया। डॉक्टरों ने जांच के बाद दवा बाहर से लाने को कहा था। दवा बाहर से लाने के बाद डॉक्टरों की ओर से समय पर उसे दवा नहीं दी गई। उसे केवल ग्लूकोज लगाया गया था। बाहर से मंगाई दवाई नहीं देने और उसकी ठीक तरीके से देखभाल नहीं करने के कारण उसकी मौत हो गई। इस बाबत डॉक्टरों ने बताया कि मृतक दिनेश का इलाज किया जा रहा था। इलाज में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती गई है। इमरजेंसी में मृतक दिनेश के पिता नंदन सहित अन्य रिश्तेदारों ने हंगामा शुरू कर दिया। हंगामा बढ़ता देख पुलिस मौके पर पहुंची। मृतक के रिश्तेदारों को समझाते हुए शव पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। पंचकूला इमरजेंसी इंचार्ज डॉ. अमरजीत सिंह ने बताया कि मृतक दिनेश का इलाज किया जा रहा था। उसकी देखभाल की गई थी। परिजनों की ओर से आरोप बेबुनियाद हैं।