कहा-सरकार ने न तो वेतन संबंधी मांगें मानीं, न नियमित भर्ती कर रही
-2691 पदों के मुकाबले 1530 पटवारी कार्यरत, 1161 पद खाली
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा में लिपिकों की हड़ताल के बीच पटवारियों ने भी आंदोलन की राह पकड़ ली है। पटवारी आज से अपने मूल गांव या शहर के कार्य के अलावा अतिरिक्त प्रभार का काम नहीं करेंगे। इसके लिए पटवारी एसोसिएशन ने सरकार को सूचित पत्र भेजा है। काम के हिसाब से वेतन मान व काम का बोझ ज्यादा होने के कारण पटवारी एसोसिएशन ने यह फैसला लिया है। प्रदेश में पटवारी के 1161 पद खाली हैं। पटवारियों के इस आंदोलन से प्रदेश के आधे गांवों में राजस्व विभाग के काम प्रभावित होंगे।
सरकार को दी सूचना में पटवारी एसोसिएशन ने कहा कि प्रदेशस्तरीय बैठक में फैसला लिया गया है कि राजस्व पटवारी एक अगस्त से मूल प्रभार के अतिरिक्त अन्य आबंटित अतिरिक्त कार्य नहीं संभालेंगे। पटवारियों के 1191 पद खाली हैं। स्वीकृत 2691 पदों के मुकाबले 1530 पटवारी कार्यरत हैं। करनाल, हिसार, सिरसा, जींद, फतेहाबाद सहित कई जिलों में एक पटवारी कई-कई सर्कल संभाले हुए हैं। जिसमें पांच से लेकर 14 तक गांव आते हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि पटवारी गिरदावरी, जमाबंदी, दो बजे तक कार्यालय में जनता के कार्य व अन्य कार्य कैसे निपटाते हैं। प्रदेश में तुरंत नियमित पटवारियों की आवश्यकता है। इसके अलावा पटवारियों में इस बात को लेकर भी रोष है कि चार जनवरी 2023 को मुख्यमंत्री मनोहर लाल के साथ हुई बैठक की बात को मानकर पटवारियों ने हड़ताल खत्म की थी। इसके बाद 25 जनवरी 2023 को नोटिफिकेशन जारी करते हुए 32,100 का पे ग्रेड देने की बात कही थी। यह लाभ 2016 से देने की सहमति हुई थी, जिसमें पटवारियों ने बकाया वेतन न लेने पर सहमति दे दी थी, लेकिन 2016 से यह वेतन देने से उन्हें पदोन्नति व वेतनवृद्धि में लाभ मिलता। इसके बाद नौ फरवरी को एक शब्द जोड़कर इसे 24 जनवरी 2023 के बाद लाभ देने की बात कह दी गई। इससे भी पटवारियों में रोष है। पटवारियों की इस मांग को भी पूरा नहीं किया जा रहा।
पटवारी एसोसिएशन के अध्यक्ष जयवीर चहल ने कहा कि प्रदेशस्तरीय बैठक में फैसला लिया है कि पटवारी एक अगस्त से अतिरिक्त प्रभार का काम नहीं करेंगे। वे अपना मूल काम ही करेंगे। उनकी वेतन संबंधी मांग व नियमित भर्ती करने, कानूनगो से नायब तहसीलदार बनने की परीक्षा समय पर आयोजित करने की मांग है।
ये है प्रदेश में पटवारियों की स्थिति
जिला स्वीकृत पद भरे पद खाली पद
अंबाला 84 49 35
पंचकुला 29 24 05
यमुनानगर 88 39 49
कुरुक्षेत्र 105 70 35
करनाल 153 58 35
पानीपत 74 58 95
कैथल 141 85 56
रोहतक 104 100 4
सोनीपत 129 79 50
झज्जर 127 114 13
भिवानी 208 112 96
चरखी दादरी 85 55 30
गुरुग्राम 61 53 08
रेवाड़ी 93 70 23
महेंद्रगढ़ 115 60 55
फतेहाबाद 35 33 02
पलवल 77 47 30
नूंह 93 46 47
हिसार 263 126 137
सिरसा 296 80 216
फरीदाबाद 161 65 96
जींद 170 107 63
कुल 2691 1530 1161
आंकड़े एसोसिएशन के सूत्रों के आधार पर।