फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वेंटिलेटर न मिलने से मरीज की मौत, परिजनों ने की गवर्नर से शिकायत

विज्ञापन
विज्ञापन
चंडीगढ़। जीएमएसएच 16 में भर्ती कोरोना संक्रमित एक मरीज की मौत पर उसके परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। परिजनों ने गवर्नर से मामले की शिकायत कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। जबकि अस्पताल प्रशासन का कहना है कि मरीज के इलाज में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं हुई है। आईसीयू में बेड खाली न होने के कारण उसे वेंटिलेटर की सुविधा नहीं मिल सकी। इसके लिए अस्पताल पर आरोप लगाना गलत है।
विज्ञापन

ड्डुमाजरा कॉलोनी निवासी मुन्ना राम को 25 अप्रैल को पेट में दर्द की शिकायत पर जीएमएसएच 16 में भर्ती कराया गया था। ऑक्सीजन का स्तर कम होने पर उनकी कोरोना जांच की गई। रिपोर्ट पॉजिटिव आई। 28 अप्रैल को मुन्ना की तबीयत फिर बिगड़ी। उसे आईसीयू में शिफ्ट करने की बात कही गई। लेकिन जीएमएसएच 16, जीएमसीएच 32 व पीजीआई में आईसीयू बेड की व्यवस्था न होने के कारण उसे शिफ्ट नहीं किया जा सका। 10 मई को मुन्ना की तबीयत ज्यादा बिगड़ी तो उसके बेटे ने डॉक्टरों से अनुरोध किया कि उसे पीजीआई या जीएमसीएच 32 में शिफ्ट कर दिया जाए। लेकिन बेड खाली न होने की वजह से यह संभव नहीं हो पाया। मुन्ना के परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने आईसीयू के मरीजों की फाइल क्लियर ना होने की बात कहकर उनके पिता को वेंटिलेटर उपलब्ध नहीं करवाया, जिसके कारण 14 मई को उनकी मौत हो गई। परिजनों ने मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
कोट...
शिकायत में बताया गया है कि मरीज का 25 अप्रैल से जीएमएसएच 16 में भर्ती कर इलाज चल रहा था। हमारे डॉक्टर 24 घंटे मरीजों के इलाज में तत्पर हैं। ऐसे में आईसीयू में बेड खाली ना होने के कारण उनके मरीज को शिफ्ट नहीं किया जा सका। इस कारण अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाना पूरी तरह से गलत है। -डॉ वीके नागपाल, चिकित्सा अधीक्षक जीएमएसएच 16
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें