पशमीना शॉल, जिसका नाम ही स्टेटस सिंबल को दर्शाता है और इस शॉल के चाहने वालों की संख्या दिनों दिन बढ़ती जा रही है। पसंद और मांग बढ़ने का ही नतीजा है कि कल तक जो पशमीना शॉल महज सफेद और ग्रे रंग में बनती थी, अब कई रंगों में उपलब्ध है। महिलाओं से बात करो तो एक ही जवाब मिलता है, जो अंगूठी से आर पार हो जाए, वही पशमीना शॉल।
सेक्टर 15 स्थित लाला भवन में लगाए गए कुल्लू फेस्ट में पशमीना शॉल की बिक्री तेजी से हो रही है। फेस्ट के प्रभारी राजकुमार ने बताया कि पशमीना शॉल की अलग-अलग वैरायटी छह हजार से एक लाख रुपये की रेंज में उपलब्ध है। असली पशमीना बेहद मुलायम और वजन में हल्की होती है। ये बहुत तेजी से गर्मी उत्पन्न करती है। पशमीना की बड़ी सी शॉल को अंगूठी के अंदर से बाहर निकाला जा सकता है।