पंजाब कला भवन में बुधवार को टीएफटी और संस्कार भारती की ओर से तीसरे राष्ट्रीय नाट्य समारोह की जानकारी देने के लिए प्रेस कांफ्रेंस का आयोजन किया गया। जिसमें टीएफटी के निर्देशक सुदेश शर्मा ने एक हफ्ते चलने वाले इस समारोह की जानकारी दी।
इस समारोह में गोरखपुर, झारखंड, मुंबई, ग्वालियर, दिल्ली और फरीदाबाद की टीमें भाग ले रही हैं। राष्ट्रीय नाट्य समारोह का आयोजन पंजाब कला भवन के रंधावा ऑडिटोरियम में किया जाएगा। 24 से 30 नवंबर तक चलने वाले इस समारोह का समय शाम 6:30 बजे रहेगा और प्रवेश निशुल्क रहेगा।
पहले दिन वीरवार को नाटक संध्या छाया का मंचन होगा जो दो बुजुर्ग दंपति की जिंदगी पर आधारित है। यह नाटक आज के युवाओं का अपने परिवार को छोड़कर विदेशों में बसने के मुद्दे को उठाता है, वहीं बुजुर्गों की दशा को भी बयां करता है।
इस नाटक का निर्देशन सुदेश शर्मा ने किया है। नाटक में सुदेश शर्मा खुद भी अभिनय करते दिखाई देंगे। इसके अलावा मधुबाला, गुरप्रीत सिंह सरवारा, जसपाल सिंह बरनाला, प्रिय शर्मा, अमर जस्सर, नवदीप बाजवा और सौरभ शर्मा भी अभिनय करेंगे।
दूसरे दिन मां मुझे जीने दो नाटक का मंचन होगा जो कन्या भ्रूण हत्या पर आधारित है। वहीं 26 नवंबर को होने वाले नाटक ग्लोबल राजा में एमएनसी के कारण लोकल बिजनेस सेक्टर पर पड़े प्रभाव को दिखाया जाएगा। वहीं अंधा युग नाटक में दर्शकों को महाभारत के अंतिम दिनों के बारे में बताएगा।
यह रहेगा शेड्यूल
समय शाम 6:30
24 नवंबर संध्या छाया टीएफटी चंडीगढ़
25 नवंबर मां मुझे जीने दो संस्कार भारती, मुंबई
26 नवंबर ग्लोबल राजा राजा मानसिंह तोमर संगीत एवं कला विश्वविद्यालय, ग्वालियर
27 नवंबर लीला नंदलाल की थिएटर वाला, फरीदाबाद
28 नवंबर अंधा युग दर्पण, गोरखपुर
29 नवंबर साकार होता सपना युवा रंगमंच रांची
30 नवंबर इस उम्र में संभव, दिल्ली