जेलों में गैंगस्टरों व तस्करों की ओर से मोबाइल फोन पर बातचीत करने के सवाल पर चौधरी ने कहा कि जेलों में फोर-जी जैमर लगाने का कार्य शुरू किया है, ट्रायल भी लिए गए हैं, जिस कंपनी को ठेका दिया है वह जैमर लगाने का कार्य जल्द खत्म करेंगी। जैमर लगने से जेल के अंदर से कोई भी कैदी, गैंगस्टर व तस्कर बातचीत नहीं कर सकेंगे। जेलों में बंद कुख्यात गैंगस्टर, आतंकी, तस्करों पर चौकसी रखने के लिए पैरा मिलिट्री फोर्स लगाई जाएगी।
नाभा जेल से गैंगस्टरों के भागने के बाद जेलों में पैरा मिलिट्री फोर्स लगाने का निर्णय लिया था। पत्रकारों ने पूछा कि गैंगस्टर, तस्कर जेल के अंदर से मोबाइल फोन के जरिए व्हाट्सएप पर बाहर अपने साथियों से बातचीत कर लोगों को धमकियां दे रहे हैं, इस पर चौधरी ने कहा कि उन्हें एक माह हुआ है कि एडीजीपी जेल का पदभार संभाले हुए, उनके आने के बाद ऐसी कोई घटना नहीं घटी है और न ही घटेगी।
जेल में क्षमता से अधिक कैदियों व हवालातियों के सवाल पर चौधरी ने कहा कि प्रदेश की अब ऐेसी कोई जेल नहीं है, जिसमें क्षमता से अधिक कैदी व हवालाती हैं। इस मौके पर एसडीएम अमित गुप्ता, जेल सुपरिटेंडेंट विपनदीप सिंह के अलावा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।