विख्यात लेखक सलीम मानते हैं कि भारत और पाकिस्तान बेशक दो देश हैं, लेकिन दोनों देशों के लोगों में एक ही तरह की सोच और अपनापन है।
दोनों मुल्कों को बांटने में धर्म का नहीं, बल्कि विदेशी ताकतों का अधिक योगदान रहा है। कुछ इस तरह के विचार बुधवार को पंजाब यूनिवर्सिटी कैंपस पहुंचे पाकिस्तान के जाने-माने लेखक अहमद सलीम ने रखे।
पंजाबी विभाग के खास निमंत्रण पर पहुंचे सलीम को सुनने के लिए लोगों में काफी बेसब्री थी। जाने माने उर्दू शायर फेज अहमद फेज के स्टूडेंट रहे सलीम 100 से अधिक हिंदी, अंग्रेजी, पंजाबी और उर्दू की किताबें लिख चुके हैं।
अपने दर्द को बयां करते हुए सलीम ने कहा कि दोनों देशों के बीच कोई बुक ट्रेंड नहीं है। ऐसे में वह इस मुल्क से किताबों की सूटकेस लेकर जाएंगे।
उन्होंने दोनों देशों के लोगों के बीच वीजा बनाने में आने वाली दिक्कतों का भी जिक्र किया। सलीम ने कहा कि पिछले 15 साल से पाकिस्तान में पंजाबी लिट्रेचर का क्रेज बढ़ा है।
अमृता प्रीतम, पास, शिव कुमार बटालवी जैसे लेखकों को पाकिस्तान में खूब पढ़ा जाता है। पंजाबी सिंगर को भी पाकिस्तानी आवाम काफी पसंद करती है।