चंडीगढ़। धोखाधड़ी मामले में एलांते मॉल को बनाने वाली कंपनी एल एंड टी इन्फ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड कंपनी के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (सीएफओ) उमा चरण रथ को जिला अदालत ने 15 दिन के अंदर जांच में शामिल होने का आदेश दिया है। पंचकूला निवासी संजय जैन की शिकायत पर यह मामला दर्ज किया गया था।
संजय सीजेएस इन्फ्रास्ट्रक्चर कंपनी लिमिटेड के डायरेक्टर होने के साथ एलांते मॉल के प्रमोटर भी थे। 18 दिसंबर 2019 को संजय ने चंडीगढ़ एसएसपी को पत्र लिख कंपनी के सीएफओ उमा चरण रथ, कार्तिकेयन, अवध वशिष्ठ, ए वेंकटेश, कंपनी सेक्रेटरी एस बाला, लीगल हेड आर चंद्रशेखरन के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दी थी। 4 जुलाई 2020 को अदालत ने उमा चरण को मामले की जांच में शामिल होने के लिए नोटिस जारी किया था। उसके बाद भी वह जांच में शामिल नहीं हुए। इसके बाद 8 अगस्त को उन्हें दोबारा समन जारी कर 2 सितंबर तक का समय दिया गया। इस दौरान उन्होंने अग्रिम जमानत याचिका दायर कर दी। शिकायतकर्ता के वकील ने याचिका को खारिज करने की मांग की। उमा चरण के वकील ने दलील दी कि उनकी मामले में कोई भागीदारी नहीं है। दोनों पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने उमा चरण को 15 दिन के अंदर जांच में शामिल होने का आदेश दिया।