पंजाब कांग्रेस प्रधान प्रताप सिंह बाजवा ने कहा है कि एनआरआई सम्मेलन का निवेश से कोई लेना-देना नहीं था।
यह सूचना सरकार ने कांग्रेस द्वारा आरटीआई के तहत मांगी जानकारी में दी है।
डिप्टी सीएम सुखबीर बादल और बिक्रम सिंह मजीठिया लोगों को धोखा दे रहे हैं कि एनआरआई सम्मेलन प्रदेश में निवेश आकर्षित करने के लिए कराए गए।
प्रदेश कांग्रेस प्रधान ने कहा कि कांग्रेस आरटीआई सेल के कन्वीनर जसदीपक सिंह ने इस मामले में सरकार से जानकारी मांगी थी।
जवाब में कहा गया है कि इस सम्मेलन का मकसद निवेश नहीं था। बाजवा ने सवाल किया कि सरकार ने इस पर ढाई करोड़ रुपये क्यों खर्च किए।
सरकार ने एनआरआई द्वारा किए वादों की सूची भेजी, लेकिन पूरे हुए वादों के बारे में नहीं बताया।
राज्य सरकार ने कहा था कि पंजाब ग्लोबल इन्वेस्टमेंट डेस्टिनेशन बनने के रास्ते पर है।
यह सब सरकार का सियासी धोखा है। इन्होंने एनआरआई दोस्तों को फाइव स्टार होटलों में ठहराया, लग्जरी कारें दीं।