फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नहीं मिलेगी रियायत : पानी के बढ़े हुए बिल का किया भुगतान नहीं होगा वापस

विज्ञापन
विज्ञापन
चंडीगढ़। पानी के दाम घटाकर प्रशासन ने बेशक शहरवासियों को राहत दी हो, लेकिन अभी तक जो बढ़े हुए बिल का भुगतान कर दिया गया है, वह वापस नहीं होगा।
विज्ञापन

बता दें केवल दस महीने के लिए रियायत दी गई है। हालांकि पुराने दामों के हिसाब से नगर निगम को सालाना एक अरब (100 करोड़) रुपये का घाटा होगा। केवल 10 माह की बात करें तो निगम को 83 से 85 करोड़ का घाटा होगा। नगर निगम के जनस्वास्थ्य विभाग की ओर से इसका आंकलन किया जा रहा है।
विज्ञापन

प्रशासक वीपी सिंह बदनौर की ओर से पानी के बढ़े हुए दामों पर 31 मार्च 2022 तक के लिए रोक लगा दी गई है। यह नए आदेश जून माह के पानी के बिलों में जारी होंगे। पानी के बढ़े हुए दाम वसूलने के बावजूद नगर निगम को सलाना 48 करोड़ रुपये का घाटा हो रहा था। जिसमे 21 करोड़ रुपये की कमाई सीवरेज सेस से हो रही थी। नगर निगम के अनुसार इस समय शहरवासियों से पेयजलापूर्ति के 187 करोड़ रुपये इकट्ठे हो रहे थे, लेकिन अब पुराने शुल्क लागू होने से 88 करोड़ रुपये बिल के तौर पर इकट्ठे होंगे। इसमें सीवर सेस का रुपया नहीं मिलेगा। 31 मई को नगर निगम की सदन की बैठक होने जा रही है। इस बैठक में अधिकारियों की ओर से सदन को भी यह जानकारी दी जाएगी।
विज्ञापन

क्या कहते हैं अधिकारी
अभी तक हमारे पास चंडीगढ़ प्रशासन के फैसले की भी प्रति नहीं आई है। बुधवार तक प्रति आने की उम्मीद है। उसके अध्ययन के बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।
-केके यादव, आयुक्त, नगर निगम चंडीगढ़
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें