किसानों की कर्ज माफी में मदद करे नीति आयोग
पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने सूबे के किसानों को आर्थिक बदहाली से बाहर निकालने में नीति आयोग से मदद मांगी है। उन्होने कहा कि किसानों का कर्ज एकमुश्त माफ करने में आयोग आर्थिक सहायता करे। उन्होंने सूबे के प्रमुख इंडस्ट्रियल हब को प्रोत्साहित करने को भी केंद्र सरकार से स्पेशल पैकेज देने की मांग की।
नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की तीसरी बैठक में कैप्टन किन्हीं कारणों से शामिल नहीं हो सके। उनका भाषण ऑन रिकार्ड लेते हुए वहां रखा गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक में केंद्रीय मंत्री, राज्यों के मुख्यमंत्री, वाइस चेयरमैन, मेंबर व सीईओ और अधिकारी शामिल हुए।
कैप्टन ने कहा कि स्मार्ट सिटी की तर्ज पर स्मार्ट विलेज योजना भी लाई जानी चाहिए, जिससे ग्रामीण पंजाब का बुनियादी ढांचा मजबूत होगा। उन्होंने केंद्र सरकार से इस पर आधारित मिशन लाने की मांग की ताकि ग्रामीण इन्फ्रास्ट्रक्चर को फंडिंग के जरिए बेहतर बनाया जा सके, बाजार और तकनीक का लाभ ग्रामीण इलाकों तक भी पहुंचाया जा सके। उन्होंने कहा कि नई सरकार के सामने राज्य की आर्थिकता को पटरी पर लाने की बड़ी चुनौती है। इसके अलावा खेती, उद्योगों की बुरी हालत, बेरोजगारी, शहरों में बुनियादी ढांचे की कमी, खेती में घटते लाभ से बढ़ती समस्या जैसी चुनौतियां भी हैं। नई सरकार को सूबे पर 1.82 लाख करोड़ का कर्ज विरासत में मिला है।