पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए भारत में हथियार भेजने के मामले में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) की विशेष अदालत ने आतंकी संगठन ‘खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स’ के प्रमुख रणजीत सिंह नीटा और उसके साथी गुरमीत सिंह उर्फ बग्गा के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिए हैं। यह दोनों आतंकी विदेश में बैठकर भारत में सेंध लगाकर यहां शांति भंग करने में जुटे हुए हैं।
रणजीत सिंह उर्फ नीटा मूलरूप से आरएसपुरा जम्मू और गुरमीत सिंह उर्फ बग्गा मूलरूप से होशियारपुर (पंजाब) का रहने वाला है। हालांकि इस समय रणजीत सिंह के पाकिस्तान में और गुरमीत सिंह के जर्मनी में होने की आशंका है। दोनों वहीं से बैठकर अपना नेटवर्क चला रहे हैं। पिछले काफी समय से पंजाब पुलिस और एनआईए उक्त दोनों आतंकियों की तलाश में है।
मिली जानकारी के मुताबिक एनआईए की जांच में सामने आया है कि गैर कानूनी तरीके से हथियार, असला, विस्फोटक पदार्थ ड्रोन के जरिए भारत में भेजने के पीछे इन्हीं दोनों आतंकियों का हाथ है। आरोपी भारत की शांति को भंग करने के लिए हर तरह से प्रयास में जुटे हैं। वह इस काम को अंजाम देने के लिए पंजाब में कुछ युवाओं को अपने दल में भर्ती कर रहे हैं और इसके साथ ही अपना नेटवर्क बढ़ा रहे हैं।
बता दें कि इस मामले में एनआईए अब तक 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इन आरोपियों में रोमनदीप सिंह, हरभजन सिंह, बलबीर सिंह, आकाशदीप, बलवंत सिंह, शुभदीप सिंह, मान सिंह, साजन प्रीत, मलकीत सिंह शामिल हैं।
गिरफ्तार किए गए इन आरोपियों से पंजाब पुलिस ने सितंबर 2019 में 5 एके-47 राइफल, 16 मैगजीन, 472 राउंड गोली-सिक्का, चीन में बनी 4 पिस्तौल, 8 मैगजीन और 72 राउंड गोलियां बरामद की गई हैं। इसके अलावा 9 हथगोले, 2 मोबाइल फोन, 2 वायरलेस सेट, जाली करेंसी और 5 सेटेलाइट फोन भी पकड़े थे। इसके बाद यह मामला एनआईए को सौंप दिया गया था।