चंडीगढ़। शहर में कोरोना वायरस के नए केस तेजी से बढ़ रहे हैं। कोरोना की यह लहर युवाओं को ज्यादा संक्रमित कर रही है। पीजीआई के डॉक्टरों ने भी इस पर हैरानी जताई है। वीरवार को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर के साथ हुई समीक्षा बैठक में पीजीआई के डॉक्टरों ने कहा कि इस बार ग्रामीण क्षेत्रों से ज्यादा केस आ रहे हैं और युवा जल्दी इसकी चपेट में आ रहे हैं। वहीं, शहर में रात का कर्फ्यू लगाने पर भी चर्चा की गई, लेकिन अभी इस मामले में प्रशासक ने इंतजार करने को कहा। साथ ही जांच में तेजी लाने के आदेश दिए।
बैठक में पीजीआई के निदेशक प्रो. जगतराम ने कहा कि पीजीआई के नेहरू हॉस्पिटल में कोरोना वायरस के 108 मरीज भर्ती हैं। इनमें से चंडीगढ़ के 29, पंजाब के 49, हरियाणा के 19, हिमाचल प्रदेश के 8 और अन्य राज्यों के तीन मरीज हैं। बैठक में प्रशासक ने पूछा कि संक्रमित होने वाले व्यक्तियों में क्या कोई अलग तरह का स्ट्रेन पाया जा रहा है। इस पर डॉक्टर मिनी ने बताया कि उन्होंने बीते दिनों स्ट्रेन की पहचान के लिए पुणे में जिनोम नमूने भेजे। वहां से मिली रिपोर्ट के अनुसार, यह नया स्ट्रेन नहीं है। हालांकि पीजीआई के ही डॉक्टर पुरी ने कहा कि शहर में अब जो नए मामले सामने आ रहे हैं, वह ज्यादातर ग्रामीण इलाकों से हैं और संक्रमित होने वालों में युवाओं की संख्या ज्यादा है। इस पर प्रशासक ने सभी से आग्रह किया कि वह इन दिनों ज्यादा सावधानी बरतें।
बैठक में जीएमसीएच-32 की निदेशक डॉ. जसबिंदर कौर ने कहा कि उनके द्वारा लिए गए 3604 नमूनों में से 191 पॉजिटिव पाए गए। स्वास्थ्य विभाग की निदेशक डॉ. अमनदीप कंग ने बताया कि जीएमएसएच-16 में एक हफ्ते में 13,857 नमूने एकत्रित किए गए, जिनमें से करीब 1080 पॉजिटिव पाए गए हैं। बैठक में मोहाली और पंचकूला के डीसी भी उपस्थित रहे। बताया गया कि मोहाली में संक्रमण दर 14 प्रतिशत है, जबकि पंचकूला 5.9 प्रतिशत।
आरटी-पीसीआर से 70 फीसदी कोरोना जांच होनी चाहिए : बदनौर
बैठक के दौरानप्रशासक में जांच में तेजी लाने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि जांच में आरटी-पीसीआर टेस्ट का शेयर 70 प्रतिशत से कम नहीं होना चाहिए। उन्होंने नगर निगम के कमिश्नर केके यादव को आदेश दिए कि शहर में संक्रमित पाए जाने वाले व्यक्तियों के संपर्क में आने वाले लोगों की पहचान जल्द से जल्द की जानी चाहिए। बदनौर ने डीजीपी को आदेश दिए कि शहर में जो लोग मास्क नहीं पहन रहे हैं या कोरोना के नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं, उनके चालान काटे जाएं। बदनौर ने होटल मालिकों से आग्रह किया कि वह अपने रेस्टोरेंट-होटल में टेबल की संख्या को कम कर दें, ताकि सामाजिक दूरी के नियम का पालन हो सके और कोरोना संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।