चंडीगढ़ के प्रसिद्ध मटका चौक का रूप बदल गया है। अब इस चौक पर हमेशा पक्षियों का उड़ता हुआ झुंड नजर आएगा। शनिवार को यूटी प्रशासक के सलाहकार मनोज परिदा ने इसका उद्घाटन किया और शहरवासियों को समर्पित कर दिया। इसके उद्घाटन के लिए शनिवार का दिन चुना गया, क्योंकि 20 मार्च को विश्व गौरेया दिवस के रुप में मनाया जाता है। इसे मुरमुरेशन (पक्षियों का झुंड) नाम दिया गया है।
यह डिजाइन मुंबई की एक कंपनी ने बनाया है, जिसे चंडीगढ़ प्रशासन की मंजूरी के बाद मूर्त रूप दिया गया है। इस प्रोजेक्ट पर आने वाला खर्च व्यापारी और शहर के सेंट जोन्स पब्लिक स्कूल से पढ़े डॉ. संदीप गोयल ने उठाया हैं। गोयल ने उद्घाटन के मौके पर कहा कि वह चंडीगढ़ में पढ़े हैं लेकिन उन्होंने पाया कि पिछले 40 साल में शहर में कुछ खास बदला नहीं है। वह चाहते थे कि शहर को कुछ उपहार में दें, इसलिए उन्होंने इसके लिए काम किया है।
गोयल ने कहा कि उम्मीद है कि उनके इस काम को देखते हुए, अन्य लोग भी प्रोत्साहित होंगे। प्रशासक के सलाहकार मनोज परिदा ने कहा कि लोग अब सुखना लेक, रॉक गार्डन और रोज गार्डन के अलावा इसे भी देखने आएंगे। ये आजादी का प्रतीक है। डॉ. संदीप गोयल की तरफ से पहले सीएचबी को एक प्रस्ताव दिया गया था। बोर्ड ने प्रस्ताव को प्रशासन के पास भेजा। इस प्रस्ताव पर चंडीगढ़ हेरिटेज कमेटी ने कई आपत्तियां जताई थी और कई बैठकों के बाद इसे पास किया गया था।
मटका चौक के नए डिजाइन की खासियत
- दूर से देखने पर लगेगा पक्षियों का उड़ता हुआ झुंड जा रहा है
- पक्षियों के झुंड की तरह मटका चौक देगा एकता का संदेश
- हवा के दबाव को कम करने के लिए हर स्टील रॉड में लगाए गए हैं स्प्रिंग
- स्टील रॉड की ऊंचाई तीन फुट से लेकर 18 फुट और 6 इंच तक
- रात में लाइटिंग से जगमगाएगा मटका चौक
- सुखना लेक पर आने वाले प्रवासी पक्षियों से आया विचार