एक लड़की और पांच दीवाने। चंडीगढ़ सेक्टर-16 के पंजाब कला भवन में यह नाटक देखने आए दर्शकों को इस नाटक ने लोट-पोट कर डाला। हरिशंकर परसाई के लिखे इस नाटक का नाट्य रूपांतरण किया मंजू यादव ने।
नाटक की कहानी है एक मोहल्ले की। इस मोहल्ले में एक लड़की रहती है कमला। जिसको अपनी ओर आकर्षित करने में पांच लोगों में होड़ लग जाती है। इस नाटक को डायरेक्ट किया चक्रेश कुमार ने।
यह आयोजन अलंकार थिएटर फेस्टिवल के अंतर्गत किया गया। निम्न मध्यवर्ग परिवार की यह लड़की कमला है जिसे अपनी ओर आकर्षित करने के लिए मोहल्ले का एक हलवाई (नितिन), क्राकरी (जतिंदर) एलआईसी एडेंट (अजय), कन्हैया (चक्रेश) और चांद में होड़ लगती है।
क्राकरी विक्रेता कमला के घर में क्राकरी भेजने लगता है तो वहीं हलवाई भी सामान भेजता है। कमला को हासिल करने के लिए कमला की मां पर भी डोरे डाले जाने लगते हैं। लेकिन, इनका यह प्रयास बेकार जाता है।
हालांकि, कमला इन पांचों के प्रलोभन में नहीं फंसती और उसकी शादी नाटक के सूत्रधार राजेश कश्यप से हो जाती है। नाटक में जसविंदर सिंह, नितिन, चक्रेश कुमार, प्रशांत मेहता, अजय और प्रिया हैं।