प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह 30 दिसंबर को मुल्लांपुर में टाटा कैंसर सुपर स्पेशिएलिटी अस्पताल एवं रिसर्च सेंटर का नींव पत्थर रखने आ रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार सुरक्षा कारणों से प्रधानमंत्री मुल्लांपुर में अस्पताल की साइट पर जाकर नींव पत्थर रखने के बजाय पीजीआई के भार्गव सभागार से बटन दबाकर नींव पत्थर रख सकते हैं।
हालांकि अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं की है। वीरवार को अटकलें लगाई जा रहीं थीं कि पीएम मुल्लांपुर की बजाय पीजीआई में अस्पताल का नींव पत्थर रखेंगे।
एसपीजी की टीम शुक्रवार को चंडीगढ़ पहुंच रही है और एसपीजी की प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक होगी। इसमें समारोह के आयोजन स्थल के बारे में फैसले होगा।
अगर पीएम पीजीआई आते हैं तो यूटी प्रशासन की जिम्मेदारी बढ़ जाएगी।
मुल्लांपुर में तैयारी अंतिम चरणों में है। ऐसे में अगर समारोह का स्थल मल्लांपुर से बदल कर पीजीआई कर दिया जाता है तो पंजाब सरकार के लिए बड़ा झटका होगा।
मुल्लांपुर में बनने वाला यह अस्पताल भाभा एटोमिक रिसर्च सेंटर की ओर से स्थापित किया जाना है। इस संबंध में चंडीगढ़ के गृह सचिव अनिल कुमार ने कहा कि पीजीआई में समारोह करने के बारे में अभी कोई निर्णय नहीं हुआ है।
पहले भी ऐसे रखा है नींव पत्थर
ऐसा पहली बार नहीं होगा जब पीएम ने बिना साइट पर गए ही दूसरे स्थान पर नींव पत्थर रखा हो। पीएन ने चंडीगढ़ और मोहाली में दो बार बिना साइट पर गए ही नींव पत्थर रखा था।
-27 सितंबर, 2006 को आईआईएसईआर, मोहाली का नींव पत्थर नाईपर के सभागार में रखा था
-3 नवंबर 2009 को पीयू के सेक्टर-25 में बनने वाले मल्टीपर्पज ऑडिटोरियम का नींव पत्थर साइट पर गए बिना ही पीयू के ऑडिटोरियम में रखा था