चंडीगढ़। चंडीगढ़ के सांसद मनीष तिवारी ने संसद में इंटिग्रेटेड कमांड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सिस्टम के चालू होने के बाद 2019 से 2025 के बीच कितने वाहनों का चालान किया गया है, इस पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि एआई के आने से चालान की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। चंडीगढ़ पुलिस ने अब यह सुनिश्चित करने की पहल की है कि अत्यंत गंभीर परिस्थितियों को छोड़कर वाहनों का मैनुअल चालान न किया जाए। उन्होंने कहा कि यह जांचना जरूरी है कि वर्ष 2022, 2023, 2024 और 2025 के बीच चालानों की संख्या इतनी तेजी से कैसे बढ़ी। इससे चंडीगढ़ के निवासियों और बाहर से काम के लिए चंडीगढ़ आने वालों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ा। दुर्भाग्य है कि आसपास के इलाकों के लोग अब चंडीगढ़ के चालानगढ़ कहने लगे हैं इसलिए यह आवश्यक है कि आईसीसीसी के कामकाज की प्राथमिकता के आधार पर विस्तृत जांच की जाए।