नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल में शामिल होने के बाद पहली बार भारतीय जनता पार्टी का कोई नेता पंचकूला पहुंचा। लेकिन, हैरत की बात यह रही कि इसकी सूचना न जिले के किसी भाजपा नेता को थी न ही कार्यकर्ता को।
मंत्री मेनका गांधी सेक्टर-सात में एक उद्यमी आरके गर्ग के निवास पर निजी दौरे पर पहुंचीं। यहां करीब पौना घंटा रुकने के बाद वह चंडीगढ़ के लिए रवाना हो गईं। हैरानी यह रही कि ट्राइसिटी में जब लावारिस पशुओं को लेकर लोग समस्याओं से जूझ रहे हैं, उस वक्त मेनका ने पत्रकारों से बात करना भी मुनासिब नहीं समझा।
उन्होंने बातचीत करने की बजाय इंकार में जवाब दिया और कार में बैठकर रवाना हो गईं। भाजपा के केंद्रीय स्तर के एक मंत्री के पंचकूला पहुंचने की खबर चंडीगढ़ और हरियाणा पुलिस को थी, लेकिन भाजपा नेताओं को इसकी भनक तक नहीं लगने दी।
उद्यमी ने मेनका गांधी के इस दौरे के बारे में बताया कि उनके साथ 20 वर्ष पुरानी जान पहचान है और वह यहां आती रहती हैं। दोपहर बाद सेक्टर-सात से निकलते हुए जब मेनका चंडीगढ़ के रवाना हो रही थी, तो पत्रकारों ने उनसे कुछ सवाल किए, लेकिन वह दरकिनार करते हुए निकल गईं।