चंडीगढ़। सेक्टर-17 आईएसबीटी में चल रही अस्थायी सब्जी मंडी की शिफ्टिंग की प्रक्रिया प्रशासन ने शुरू कर दी है। प्रक्रिया के तहत मार्केट कमेटी ने आढ़तियों से पांच साल की फीस का रिकार्ड मांगा है। कमेटी के अधिकारियों की मानें तो अगस्त में मंडी शिफ्टिंग को लेकर यूटी प्रशासन फैसला ले सकता है। मंडी कहां जाएगी, इसे लेकर अभी अधिकारी कुछ बोलने से इनकार कर रहे हैं।
बापूधाम में कोरोना के बढ़ते संक्रमण के कारण 11 मई को सेक्टर-26 ग्रेन मार्केट से सब्जी मंडी को अस्थायी रूप से सेक्टर-17 आईएसबीटी परिसर में शिफ्ट किया गया था। तब से लेकर आज तक मंडी का संचालन आईएसबीटी में किया जा रहा है। अब आईएसबीटी परिसर को खाली करने और आढ़तियों की मांग को लेकर प्रशासन ने मंडी शिफ्टिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
मंडी प्रशासक नाजुक कुमार के निर्देश पर मार्केट कमेटी ने प्रक्रिया में आवश्यक कमेटी फीस का रिकार्ड जुटाना शुरू कर दिया है। कमेटी की ओर से आढ़तियों से पिछले पांच साल की मार्केट कमेटी फीस का ब्योरा मांगा गया है। मार्केट कमेटी के एक अधिकारी ने बताया कि प्रक्रिया चल रही है, अगस्त तक मंडी शिफ्टिंग को लेकर प्रशासन फैसला ले सकता है। मंडी कहां जाएगी, इस पर अभी कोई जानकारी नहीं है।
किराएदार सेक्टर-39 जाने के पक्ष में
मंडी में वर्तमान में 168 लाइसेंसधारक काम कर रहे हैं। दो फर्में सेल और पर्चेज का काम कर रही हैं। इनमें 100 से अधिक किराएदार हैं, जो सेक्टर-39 की मंडी में काम करना चाहते हैं। किराएदारों का कहना है कि 39 में 26 से ज्यादा जगह है। इसके साथ ही शहर से भी बाहर है।
बापूधाम के लोग 26 में चाहते हैं वापसी
सेक्टर-17 में चल रही सब्जी मंडी की वापसी बापूधाम के लोग सेक्टर-26 में चाहते हैं। इसे लेकर कॉलोनी में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया जा रहा है। एरिया पार्षद दिलीप शर्मा ने भी सेक्टर-26 में मंडी शिफ्ट करने की प्रशासन से मांग की है।
कोट
आढ़तियों से फीस का ब्योरा मांगा गया है, लेकिन मंडी शिफ्टिंग को लेकर अभी प्रशासन से कोई निर्देश नहीं मिला है। मंडी कहां शिफ्ट होगी, उसकी भी अभी कोई जानकारी नहीं है।
-जरनैल सिंह मावी, सचिव, मार्केट कमेटी, चंडीगढ़