फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Punjab: चुनाव में खराब प्रदर्शन के बाद शिअद में बवाल, मनप्रीत अयाली का पार्टी गतिविधियों से दूर रहने का एलान

Sat, 08 Jun 2024 01:47 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, लुधियाना (पंजाब)

सार

मनप्रीत सिंह अयाली ने लिखा कि शिरोमणि अकाली दल पंजाब का एक पंथक और सिरमौर समूह है, जिसका इतिहास काफी अच्छा रहा है, लेकिन पिछले कुछ समय में पार्टी नेताओं की ओर से लिए गए फैसलों की वजह से अकाली दल में वैचारिक गिरावट आई है। पार्टी पहले भी किसानी और वर्तमान में पंजाब में चल रही पंथक सोच को पहचानने में विफल रही है।
विज्ञापन
मनप्रीत अयाली - फोटो : फाइल
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के बाद शिरोमणि अकाली दल में हड़कंप मचा हुआ है। मालवा इलाके से इकलौते विधायक मनप्रीत सिंह अयाली ने पार्टी को एक और झटका दे दिया है। मनप्रीत अयाली ने पार्टी गतिविधियों से दूर रहने का फैसला किया है। अयाली ने पहले भी कई मुद्दों पर आपत्ति जताई थी, लेकिन अब उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए बड़ा एलान किया है। 

विज्ञापन


अयाली ने साफ किया है कि वह अब पार्टी की गतिविधियों से दूर रहेंगे। उन्होंने मांग रखी है कि झूंदा कमेटी की रिपोर्ट की सिफारिशों को लागू किया जाए। अगर यह रिपोर्ट लागू नहीं होती, तो वह पार्टी की किसी भी गतिविधि में हिस्सा नहीं लेंगे। इसके बाद पार्टी पदाधिकारियों की परेशानी बढ़ गई है। पार्टी चुनाव में अपने खराब प्रदर्शन पर मंथन करने के बारे में सोच रही थी, लेकिन अब इस बात को लेकर भी मंथन किया जाएगा कि कमेटी की सिफारिशें लागू करना सही है या नहीं। उल्लेखनीय है कि इस बार चुनाव में शिअद को सिर्फ एक सीट मिल पाई है और उसका वोट शेयर भी गिरा है।
 

नेतृत्व परिवर्तन की बात कही थी रिपोर्ट में
अभी तक शिरोमणि अकाली दल ने झूंदा कमेटी की रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया है। 2017 के विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार के बाद यह कमेटी बनाई गई थी। तब बेअदबी के मामलों में नाराजगी के कारण शिअद की सरकार चली गई थी। पार्टी सूत्रों के मुताबिक इस रिपोर्ट में लिखा है कि अगर किसी वजह से पार्टी का ग्राफ गिर रहा है तो उस पर तुरंत विचार कर कार्रवाई की जानी चाहिए। यहां तक कि पार्टी प्रमुख को बदलने की बात भी लिखी गई है। अयाली ने लिखा कि किसानों, पंथ और पंजाबियों का भरोसा हासिल करने के लिए पार्टी को बड़े फैसले लेने की जरूरत है, जो पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत किया जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें