पंचकूला में मलेरिया के दो नए केस सामने आए हैं। एक कालका और दूसरा केस बरवाला का है। अब तक जिले में मलेरिया के 14 मामले आ चुके हैं। डीसी के आदेश के बाद भी खुले में रखे टायरों को हटाया नहीं गया। अगर ऐसे ही लापरवाही बरती गई तो ओल्ड पंचकूला से मलेरिया केस और बढ़ सकते हैं। क्योंकि अब तक सबसे ज्यादा मामले वहीं से आए हैं। स्वास्थ्य विभाग के मलेरिया विंग की तरफ से खासकर ओल्ड पंचकूला और सूरजपुर में मलेरिया की रोकथाम के लिए छह टीमें लगाई गई हैं। इनमें दो टीमें एंटी लारवा दवाई का छिड़काव कर रही हैं और चार टीमें कूलर, पानी की टंकी, टायर का सर्वे करेगी। इसके अलावा एक इनसेक्ट कलेक्टर की डयूटी लगाई गई है। जो एडल्ट मच्छर और लारवा को पकड़ता है।