चंडीगढ़ सेक्टर-37 के सरकारी स्कूल के पास वाले मोड़ पर मंगलवार रात पौने बारह बजे बिजली का खंभा टूटकर गिर गया। इस दौरान सड़क पर तार फैल गई और शॉर्ट सर्किट होने से आसपास के घरों की बत्ती गुल हो गई। गनीमत रही कि उस समय कोई राहगीर तार की चपेट में नहीं आया। नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।
सूचना मिलने के बाद मौके पर ट्रैफिक पुलिस, बिजली विभाग, पीसीआर, सेक्टर-37 बीट स्टाफ और सेक्टर-39 थाना पुलिस पहुंची। पुलिस ने दोनों तरफ से रास्ता बंद किया। बिजली कर्मचारियों ने बिजली का कनेक्शन काटा।
वहीं, मौके पर सड़क के पास कूड़ा डालने वाली जगह पर एक क्षतिग्रस्त गाड़ी खड़ी थी, जिसमें सेक्टर-37 निवासी 62 साल के कार चालक करनैल सिंह बैठे थे। करनैल सिंह का कहना है कि उन्हें नहीं पता कि बिजली का खंभा कैसे टूटा और गिरा।
पुलिस जांच कर रही थी कि आखिर खंभा कैसे टूटा, क्योंकि खंभे में कोई भी टक्कर का निशान नहीं है। हालांकि बिजली के खंभे जिन तार के सहारे खड़ा था, उसके पास ही कार खड़ी थी। पुलिस का कहना है कि हो सकता है कार सीधा आकर पहले स्पॉट वाली तार में लगी हो और फिर खंभा टूटकर गिरा हो। कोई ऐसा निशान नहीं मिला, जिससे ऐसा कहा जा सके कि इस गाड़ी ने खंभे को टक्कर मारी हो।
करनैल सिंह ने शराब पी रखी थी। देर रात तक पुलिस उसका मेडिकल करवाने में जुटी थी। पुलिस के रास्ता बंद होने के बावजूद एक कार चालक तेज रफ्तार से कार लेकर आया और बिजली की तार को क्रॉस कर दिया। अगर तार में करंट होता तो बड़ा हादसा भी हो सकता था।
सेक्टर-37 बीट बॉक्स में तैनात सिपाही सतबीर सिंह पेट्रोलिंग कर रहे थे। सतबीर ने देखा कि बिजली का खंभा टूटा हुआ है और पास एक ग्रैंड विटारा क्षतिग्रस्त कार खड़ी है। सतबीर ने कहा कि थाना पुलिस और बिजली विभाग को जानकारी दी। बिजली विभाग ने तार को सड़क से हटाया। हालांकि यह साफ नहीं हो पाया कि बिजली का खंभा कैसे टूटा। पुलिस सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है।