लोकसभा चुनाव 2019 को लेकर सभी राजनीतिक पार्टियों ने कमर कस ली है। 9 विधानसभा हलके कवर करने वाली फरीदकोट की संसदीय सीट पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। देखना यह है कि आखिर कांग्रेस और अकाली दल फरीदकोट चुनावी दंगल में किसे उतारेगी। हालांकि आम आदमी पार्टी द्वारा सांसद प्रो. साधु सिंह को फरीदकोट से प्रत्याशी घोषित किया जा चुका है।
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि कांग्रेस इस बार लुधियाना के हलका गिल से विधायक कुलदीप सिंह वैद्य को फरीदकोट से चुनाव लड़वा सकती है। वहीं अकाली दल भी कांग्रेस के पूर्व आईएएस अधिकारी के मुकाबले सेवामुक्त आईएएस दरबारा सिंह गुरू पर दांव खेल सकती है। जानकारों की मानें तो फरीदकोट लोकसभा सीट के लिए करीब 40 कांग्रेसी कार्यकर्ता दावेदारी पेश कर चुके हैं।
कुलदीप वैद्य के बाद कांग्रेस में दूसरा नाम जैतो से मोहम्मद सदीक का आ रहा है। कांग्रेसी कार्यकर्ताओं के अनुसार, अप्रैल के अंतिम सप्ताह में ही पार्टी अपने पत्ते खोलेगी। यहां वर्ष 2014 में आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी प्रो. साधु सिंह जीते थे। साधु सिंह को 450,751 वोट मिले थे, जबकि अकाली दल से प्रत्याशी परमजीत ने 2,78,235 वोट प्राप्त किए थे।
कांग्रेस के जोगिंदर सिंह 2,51,222 वोट के साथ तीसरे स्थान पर रहे थे। फरीदकोट लोकसभा क्षेत्र में कुल 14,55,075 मतदाता हैं। इनमें पुरुष मतदाता 7,68,206 हैं। लोगों का आरोप है कि प्रो. साधु सिंह ने लोगों से जो वादे किए थे, उन पर वह खरे नही उतर सके। मोगा के कई गांवों में तो सांसद प्रो. साधु सिंह के लापता के पोस्टर भी लग गए थे, वहीं सांसद प्रो. साधु सिंह की ओर से गोद लिए गए गांव फतेहगढ़ कोरोटाणा की नुहार भी नहीं बदल सकी।