मतदान केंद्रों की सुरक्षा पुख्ता करने के लिए चंडीगढ़ शहर को 12 जोन में बांटा गया है। इसके लिए 12 असिस्टेंट रिटर्निंग अफसर लगाए गए हैं। पूरी चुनाव प्रक्रिया के दौरान बूथ पर लगे कर्मचारियों से लेकर वोटरों के आवागमन तक की पूरी जिम्मेदारी अब इन्हीं को सौंप दी गई है। एआरओ को साफ तौर पर कहा गया है कि मतदान केंद्र पर यदि कोई समस्या होगी, तो पूरी जिम्मेदारी उन्हीं की होगी।
मुख्य चुनाव अधिकारी की ओर से सभी एआरओ को 50 से 55 बूथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सभी रिटर्निंग आफसरों को इसकी जानकारी भी दे दी गई है। शहर में 597 बूथ हैं। मुख्य चुनाव अधिकारी अर्जुन शर्मा ने बताया कि चंडीगढ़ में लोकसभा चुनाव के लिए 22 अप्रैल से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो रही है। चुनाव प्रक्रिया पूरी कराने के लिए 12 एआरओ लगाए गए हैं। एआरओ को उनके बूथों की जानकारियां दे दी गई हैं। अब चुनाव से संबंधित कोई समस्या आती है, तो पूरी जिम्मेदारी एआरओ की होगी।