फिलहाल पंजाब के राजनीतिक परिदृश्य में कमजोर विपक्ष के सामने कांग्रेस का पलड़ा भारी है। प्रदेश इकाई द्वारा आलाकमान को भेजे पैनल पर अंतिम फैसला राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी लेंगे। पंजाब में लोकसभा सीटों पर चुनाव आखिरी चरण 19 मई को होने हैं। ऐसे में पार्टी पहले उन राज्यों में प्रत्याशियों के नामों का एलान करेगी, जहां शुरूआती चरण में चुनाव होने हैं।
तय कार्यक्रम के अनुसार पार्टी की राष्ट्रीय स्क्रीनिंग कमेटी की 16 मार्च को होने वाली बैठक में पंजाब के प्रत्याशियों के नामों पर विचार होना था। लेकिन अब इसकी तिथि में बदलाव हो सकता है और 16 मार्च को उन राज्यों के प्रत्याशियों का फैसला होगा, जिनमें चुनाव पंजाब से पहले होने हैं। इसके चलते पंजाब के प्रत्याशियों के एलान में कुछ और देरी हो सकती है।
प्रदेश में कांग्रेस के टिकट के दावेदारों पर नजर दौड़ाएं तो सभी सीटों पर दिग्गज नेताओं के साथ-साथ कई नेताओं ने अपने बेटों, रिश्तेदारों के लिए टिकट के लिए आवेदन किया है। यह देखते हुए सबसे पहले फिरोजपुर सीट पर कांग्रेस को अपने नेताओं की नाराजगी झेलनी पड़ सकती है, क्योंकि अकाली दल छोड़कर कांग्रेस में आए मौजूदा सांसद शेर सिंह घुबाया को कांग्रेस इस सीट पर टिकट दे सकती है। वहीं, पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष सुनील जाखड़ के मुकाबले गुरदासपुर सीट से कांग्रेस के एक अन्य नेता ने दावा ठोका है। ऐसी ही हालत संगरूर, जालंधर, बठिंडा और अन्य प्रमुख सीटों की है।