चंडीगढ़। औद्योगिक क्षेत्र स्थित वेब मॉल के पास शनिवार आधी रात छात्र गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के करीबी और संगठन स्टूडेंट्स आर्गेनाइजेशन ऑफ पंजाब यूनिवर्सिटी (सोपू) के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गुरलाल बराड़ की दो युवकों ने ताबड़तोड़ गालियां बरसाकर हत्या कर दी। बदमाशों ने गुरलाल पर 7 गोलियां चलाईं, जिनमें तीन गोलियां गुरलाल के सिर, गर्दन और बाजू पर लगीं जबकि जबकि तीन छूकर निकल गई जबकि एक गोली नहीं लगी। वारदात को अंजाम देकर दोनों युवक बाइक सवार अपने तीसरे साथी के साथ फरार हो गए।
वारदात के समय गुरलाल अपनी फार्च्यूनर गाड़ी में बैठकर मॉल के पास दोस्तों का इंतजार कर रहा था। औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट समेत अन्य धाराओं के तहत मामला दर्जकर हत्यारोपियों की तलाश शुरू कर दी है। वहीं, चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उधर, वारदात के करीब पांच घंटे बाद दविंदर बंबीहा गैंगस्टर ग्रुप ने फेसबुक पर पोस्ट डालकर गुरलाल की हत्या की जिम्मेदारी लेते हुए कहा ‘तीन साल पहले लवी डिओरा कोटकपुरा को मरवाने में गुरलाल शामिल था, आज बदला पूरा हुआ।’
बता दें कि मोहाली निवासी गुरलाल बराड़ (26) औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस का वांछित अपराधी था और उसी थानाक्षेत्र में देर रात सरेआम घूम रहा था लेकिन पुलिस को उसकी भनक तक नहीं लगी। गुरलाल मूलरूप से पंजाब के जिला फरीदकोट स्थित बुर्ज हरिका का रहने वाला था। वर्ष 2016 में स्टूडेंट्स आर्गेनाइजेशन ऑफ पंजाब यूनिवर्सिटी (सोपू) संगठन की तरफ से एनएसयूआई को समर्थन दिया गया था, जिसमें वह सोपू संगठन का प्रदेश अध्यक्ष बना था।
शनिवार को गुरलाल बराड़ अपनी फार्च्यूनर गाड़ी से औद्योगिक क्षेत्र स्थित प्ले ब्वॉय क्लब पहुंचा था। इसके बाद वह इलाके में ही स्थित पारा क्लब में किसी जानकार युवती के जन्मदिन पार्टी में शामिल होने चला गया। इसी दौरान गुरलाल के एक दोस्त ने उससे फार्च्यूनर गाड़ी मांगी। देर रात करीब 12.30 बजे गुरलाल पारा क्लब स्थित अपने दोस्तों को यह कहकर निकल गया कि वह अपनी फार्च्यूनर से प्ले ब्वॉय क्लब तक जा रहा है। वह लोग उसके पीछे अपनी गाड़ी लेकर आ जाएं ताकि गाड़ी दोस्त को देकर वह उनके साथ वापस पारा क्लब लौट सके। गुरलाल पहले निकल गया और वेब मॉल के बाहर पहुंचकर दोस्त का इंतजार करने लगा। इसी बीच दो युवक वहां पहुंचे और गुरलाल बराड़ पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाने लगे। दोनों युवकों ने गुरलाल को ताबड़तोड़ सात गोलियां मारीं, जिसमें से तीन गोलियां सिर, गर्दन और बाजू पर लगीं जबकि तीन उसे छूती हुई निकल गईं। एक गोली उसे नहीं लगी।
वारदात के बाद दोनों आरोपी तीसरे साथी संग बाइक पर बैठकर फरार हो गए। इतने में मौके पर गुरलाल के दोस्त पहुंच गए और फौरन उसे पीजीआई पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल की सूचना पर पहुंची पुलिस वारदात स्थल का मुआयना किया। मौके पर फार्च्यूनर गाड़ी का शीशा टूटा हुआ था और उस पर काफी खून लगा था। औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट समेत अन्य धाराओं के तहत मामला दर्जकर हत्यारोपियों की तलाश शुरू कर दी है। वहीं चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
वारदात स्थल से सात खोखे बरामद
सूचना पर एसपी सिटी विनीत कुमार समेत पुलिस के कई आला अधिकारी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने वारदात स्थल से अहम सबूत इकट्ठा कर वीडियोग्राफी की। टीम ने मौके से .32 बोर के सात खोखे बरामद किए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पीजीआई शवगृह में रखवा दिया है, जहां कोरोना रिपोर्ट आने के बाद पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
गुरलाल पर दर्ज हुआ था छेड़छाड़ व मारपीट का था मामला
बता दें कि 27 सितंबर 2020 की रात मूलरूप से पानीपत निवासी 30 वर्षीय एक युवती ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि वह अपनी सहेली के साथ औद्योगिक क्षेत्र स्थित पारा क्लब गई थी। वापस लौटने के दौरान एक युवती से उसका कंधा टकरा गया। गलती मानकर वह क्लब के बाहर आ गई लेकिन मुख्य सड़क पर पहुंचते ही दो युवतियां ने उसके पास आकर मारपीट शुरू कर दी। आरोप था कि इस दौरान फार्च्यूनर सवार गुरलाल बराड़ और मोहित नामक युवक वहां पहुंचे और उसे धक्का देकर जमीन पर गिराकर पीटने लगे। पुलिस ने गुरलाल और मोहित के खिलाफ आईपीसी 354, 323, 341 और 506 के तहत मामला दर्ज कर मोहित को गिरफ्तार किया था। जबकि गुरलाल फरार चल रहा था।
गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का करीबी था गुरलाल
गुरलाल बराड़ पिछले कई साल से सोपू संगठन से जुड़ा हुआ था। बताया जा रहा है कि वह गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और संपत नेहरा का करीबी था। उसके सोशल मीडिया पर कई सारे फोटो लॉरेंस बिश्नोई के साथ फोटो भी मौजूद हैं। मामला दर्ज होने के करीब दो हफ्ते बाद भी औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस उसे पकड़ नहीं सकी। गुरलाल दो भाई बहनों में सबसे छोटा था। वारदात के बाद पुलिस ने एरिया से सीसीटीवी कैमरा भी खंगाला लेकिन आरोपियों का कुछ सुराग नहीं लग सका।
फेसबुक पोस्ट पर लिखा- तीन साल द बदला लिया
सितंबर 2016 में बठिंडा पुलिस के एनकाउंटर में मारे गए गैंगस्टर दविंदर बंबीहा के फेसबुक अकाउंट पर गुरलाल की हत्या की जिम्मेदारी लेते हुए लिखा गया कि ‘तानू सारे न दसदे कि जेहड़ा अहा गुरलाल बराड़ द काम चंडीगढ़ पारा दे क्लब दे बाहर कित्ता, साड्डा वीर लकी ने मरवाया है। इसने साड्डा लवी डिओरा कोटकपुरा द तीन साल पहले काम करवाया सी। ते अह उस दिन दा बदला लिया। ते एहे चंडीगढ़ क्लब ते जा के सड्डे खिलाफ बोलदा सी, जेहड़ा भी सड्डे ग्रुप द एंटी है, एक एक करके सारया नू, खत्म कर देंगे।’ इसके अलावा एक गुरलाल की फोटो को कट मारकर पोस्ट डाली गई है।