फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chandigarh News: खालिस्तानी आतंकी हवारा देशद्रोह के एक और मामले में बरी

विज्ञापन
विज्ञापन
चंडीगढ़। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में आजीवन उम्रकैद की सजा काट रहे खालिस्तानी आतंकी जगतार सिंह हवारा को जिला अदालत ने शुक्रवार को देशद्रोह के दूसरे मामले में भी बरी कर दिया। इससे पहले 22 नवंबर को भी हवारा को चंडीगढ़ की जिला अदालत ने देशद्रोह के एक मामले में बरी किया था।
विज्ञापन

आतंकी जगतार सिंह हवारा के खिलाफ 18 साल पहले सेक्टर-17 पुलिस थाने में आईपीसी की धारा 121, 121ए, 123, 153, 120बी, आर्म्स एक्ट व एक्स्पलोसिव एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया था। इस केस में उसके खिलाफ कोई ठोस सबूत न मिल पाने के चलते अदालत ने उसे बरी कर दिया। इससे पहले हवारा को 22 नवंबर को वर्ष 2005 में ही सेक्टर-36 पुलिस थाने में इन्हीं धाराओं में दर्ज केस में बरी किया गया था।
आतंकी हवारा इस समय दिल्ली की मंडोली जेल में बंद है। हवारा और उसके साथियों ने वर्ष 1995 में पंजाब के तत्कालीन मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की बम धमाका कर हत्या कर दी थी। चंडीगढ़ में हवारा के खिलाफ 18 साल पहले देश के खिलाफ षडयंत्र रचने, सेना बनाने व हथियार इकट्ठा करने के दो केस दर्ज किए गए थे। इन दोनों मामलों को पुलिस अदालत में साबित नहीं कर सकी। इस केस में हवारा के अलावा दो और आरोपी थे जिनको कोर्ट ने पहले ही बरी कर दिया था जबकि हवारा के खिलाफ कई साल तक केस का ट्रायल ही नहीं चल सका था।
विज्ञापन


हवारा के वकील ने कहा-पुलिस ने डाला था झूठा केस
हवारा की ओर से पेश वरिष्ठ वकील एडवोकेट अमर सिंह चहल ने बहस के दौरान कहा कि हवारा पर पुलिस की ओर से झूठे केस डाले गए थे। इस केस में शामिल बाकी आरोपियों को तो वह जानता भी नहीं था। उनसे कभी हवारा की मुलाकात भी नहीं हुई थी। फिर भी पुलिस ने उसे इन केसों में साजिश रचने का आरोपी बना दिया। एडवोकेट चहल ने कहा कि इस केस में पुलिस का जो अहम गवाह था उसकी मौत हो चुकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें