जब भनियारा वाले ने विवादित ग्रंथ को लिखा था उस समय गांव में जमकर हंगामा हुआ था। विवादित ग्रंथ को उठाने के दौरान यहां से कई गिरफ्तारियां हुई थीं। ग्रामीणों के अनुसार गुरुवार सुबह जब वह उठे तो घर से बाहर आकर देखा। दीवारों पर काले रंग से खालिस्तान जिंदाबाद और रेफरेंडम 2020 लिखा था।
एक ग्रामीण ने बताया कि रात के समय एक राजनीतिक पार्टी के प्रत्याशी के पोस्टर भी लगे हैं। रिटर्निंग अफसर कम एसडीएम रायकोट हिमांशु गुप्ता का कहना है कि यह मामला लॉ एंड आर्डर से संबंधित है। चुनाव आयोग की टीम को मौके पर भेज कर जांच करवाई जा रही है।