खास बात यह है कि ज्योति के पति भीम महाजन साल 2013 में हिसार के सभी पार्षदों में से सबसे कम वोटों से जीतकर पार्षद बने थे। उन्हें मात्र 50 वोटों से जीत मिली थी। बाद में भीम महाजन को नगर निगम का डिप्टी मेयर भी बनाया गया था। हालांकि साल 2014 में भीम महाजन ने इनेलो की टिकट पर हिसार विधानसभा से चुनाव भी लड़ा। मगर विजय हासिल नहीं कर पाए। इस बार वार्ड नंबर 5 महिला के लिए रिजर्व होने पर भीम महाजन ने अपनी पत्नी ज्योति महाजन को उम्मीदवार बनाया था।
विजेता पार्षदों में सबसे ज्यादा पढ़ी-लिखी
एमएससी मास कम्युनिकेशन पास ज्योति महाजन को हिसार की सबसे अधिक पढ़ी-लिखी महिला पार्षद बनने का भी गौरव हासिल हुआ है। फिलहाल हिसार में सात महिला पार्षद चुनी गई हैं। इनमें से ज्योति एमएससी पास हैं, जबकि एक महिला पार्षद अमिता सिंह बीए-बीएड हैं। अंबिका शर्मा बीकॉम पास है तो दो पार्षद कविता केडिया व शालू दीवान दसवीं पास हैं। वहीं दो पार्षद सरोज बाला व बिमला देवी आठवीं पास ही हैं।
मेरे लिए गर्व की बात है कि मुझे सबसे ज्यादा वोटों के मार्जिन से जीत मिली है। जनता ने भरपूर समर्थन दिया है। उनकी उम्मीदों पर खरा उतरने के लिए दिन-रात मेहनत करेंगे और हिसार को विकसित शहर बनाएंगे। -ज्योति महाजन, नवनिर्वाचित पार्षद, वार्ड नंबर 3, हिसार