झूठी आन के लिए बेटी और उसके प्रेमी की हत्या के मामले में दोषी 5 आरोपियों को सजा सुनाते समय जज ने कई मार्मिक और सख्त टिप्पणियां कीं।
मामला हरियाणा के सिरसा का है। वेलेंटाइन डे पर झूठी आन के लिए प्रेमी जोड़े की हत्या करने वाले पांच दोषियों में से चार को जिला सत्र न्यायालय ने सोमवार को उम्रकैद की सजा सुनाई है। जबकि नाबालिग दोषी को तीन साल की सजा दी है। अतिरिक्त जिला एवं न्यायाधीश प्रवीण कुमार ने हत्यारों पर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
जुर्माना नहीं भरने पर छह-छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। दोषियों ने रहम की भीख मांगी तो अदालत ने कहा कि तुम लोगों ने दो हत्याएं की हैं। तुमको अपनी बेटी और युवक पर बिलकुल भी रहम नहीं आया। ऐसे में तुम पर रहम की कोई गुंजाइश नहीं बचती।
ये था पूरा मामला
ऑनर किलिंग
गांव पन्नीवाला मोटा निवासी श्याम सिंह के बेटे सुखबीर (22) के गांव डबवाली निवासी एक युवती के साथ प्रेम संबंध थे। 14 फरवरी 2016 को वेलेंटाइन डे के दिन वह अपने घर में बहाना बनाकर प्रेमिका से मिलने गांव डबवाली आया था, लेकिन घर नहीं लौटा। परिजन बेटे की तलाश करते हुए डबवाली पहुंच गए।
जब बेटे का पता नहीं चला तो परिजनों ने ओढां थाने में सुखबीर की गुमशुदगी की रपट दर्ज कराई। 16 फरवरी को पुलिस ने सुखबीर की मोबाइल लोकेशन जांची, तो गांव डबवाली की मिली। पुलिस ने जांच तेज की तो ऑनर किलिंग के रूप में घटना सामने आई।
युवती के पिता सुखविंद्र सिंह, मां परमजीत कौर, बड़े भाई गुरजिंद्र सिंह, छोटे भाई और मामा सरदूल सिंह ने पुलिस को बताया कि उन्होंने सुखबीर का कत्ल कर दिया है। सुखबीर उनकी बेटी से मिलने घर आया था। युवती ने प्रेमी से मिलने के लिए परिजनों को नशा दे रखा था,
लेकिन युवती के भाई ने दोनों को मिलता देख लिया और परिवार के सदस्यों को उठाया। इसके बाद पांचों ने मिलकर पहले सुखबीर की तेजधार हथियार से हत्या की। इसके बाद युवती का गला घोंटकर मार दिया। फिर दोनों के शवों को गांव अबूबशहर स्थित राजस्थान कैनाल में फेंक दिया।