फर्जीवाड़ा रोकने को पहली बार नया प्रयोग
सीईटी परीक्षा में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए परीक्षा में प्रश्न के उत्तर में चार विकल्पों के अलावा 5वां विकल्प भी जोड़ा गया है। इस 5वें विकल्प में नोट-अटेम्पटिड लिखा होगा। यदि कोई अभ्यर्थी उत्तर के चार विकल्प नहीं भरता है तो उसे 5वां विकल्प भरना होगा। कोई भी अभ्यर्थी उत्तर खाली नहीं छोड़ सकता। कोई अभ्यर्थी यदि अनिवार्य 5वें विकल्प को भी नहीं भरता है तो छोड़े गए प्रत्येक प्रश्न के 0.95 नंबर काटे जाएंगे।
धारा 144 रहेगी लागू
सीईटी परीक्षा के लिए पांच और छह नवंबर को परीक्षा केंद्रों से 500 मीटर के दायरे में धारा -144 लागू रहेगी। इसके अलावा, कोचिंग सेंटर व प्रिंटिंग, स्टेशनरी दुकानें बंद रहेंगी। उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक एक दिन पहले परीक्षा केंद्रों का दौरा करेंगे। परीक्षा केंद्रों का सिक्योरिटी ऑडिट किया जाना सुनिश्चित किया जाएगा। परीक्षा केंद्रों में केवल अधिकारिक लोगों का ही प्रवेश होगा। परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर की दायरे में पार्किंग की व्यवस्था नहीं होगी। इसके अलावा, एंबुलेंस की व्यवस्था और डायल-112 की ईआरवी वाहनों को भी अलर्ट पर रखा जाए।
मुख्य सचिव ने बुलाई बैठक, तैयारियां की समीक्षा
सीईटी को लेकर मुख्य सचिव संजीव कौशल ने शुक्रवार को यहां वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों, रोडवेज महाप्रबंधकों के साथ सीईटी परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। कौशल ने उपायुक्तों को निर्देश देते हुए कहा कि सीईटी परीक्षा का संचालन एनटीए द्वारा किया जा रहा है लेकिन इसके सफल संचालन की जिम्मेदारी राज्य सरकार के प्रशासनिक अधिकारियों की है।
मुख्य सचिव ने कहा कि चूंकि परीक्षा का संचालन एनटीए द्वारा किया जा रहा है, इसलिए वे अपनी मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) के अनुसार प्रश्नपत्र बैंक में रखेंगे। इसके लिए उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक एनटीए से समन्वय स्थापित कर प्रश्नपत्र को लाने व ले-जाने के दौरान पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करें। बैठक में हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष भोपाल सिंह, परिवहन विभाग के प्रधान सचिव नवदीप विर्क सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।