पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को ब्रह्मोस से संबंधित जानकारी लीक करने के आरोपी निशांत अग्रवाल की हरकत से कुरुक्षेत्र एनआईटी की साख पर भी आंच पहुंची है। निशांत एनआईटी से 2013 में पास आउट है। वह इस संस्थान से मैकेनिकल ट्रेड का टॉपर रहा है। उसके शिक्षकों और एक साथी ने अमर उजाला से बातचीत में उपरोक्त घटना पर हैरानगी जताई है। हालांकि कल तक इन्हें निशांत की उपलब्धियों पर गर्व था, मगर उक्त घटना के बाद से वे सन्न हैं।
तीन माह पहले भी कुरुक्षेत्र का इंजीनियरिंग संस्थान तब सुर्खियों में आया था, जब यहां से पास आउट एक होनहार इंजीनियर साजिद अली अंसारी को दिल्ली ओखला टैंक के पास एक महिला की हत्या कर शव को खुर्द-बुर्द करने के मामले में गिरफ्तार किया गया था। जून 2018 में पुलिस ने इस मामले में केआईटीएम से 2014 में पास आउट साजिद के अलावा उसके दो भाइयों इश्तियाक और हशमत को भी हिरासत में लिया था।
जिस युवती ने परिवार की मर्जी के खिलाफ जाकर लव मैरिज की थी, साजिद ने उसी युवती के सात टुकड़े करके एक हिस्सा कार्टन में और शरीर के अन्य अंग प्लास्टिक बैग में भरकर खुर्द-बुर्द करने का प्रयास किया था। इस सनसनीखेज घटनाक्रम को अभी तीन माह भी नहीं बीते थे कि, कुरुक्षेत्र के एनआईटी से टॉपर निशांत अग्रवाल का हनीट्रैप में फंस कर दुश्मन देश की खुफिया एजेंसी आईएसआई को महत्वपूर्ण जानकारी लीक करने का घटनाक्रम सामने आ गया।
चार साल से डीआरडीओ नागपुर यूनिट में कार्यरत था निशांत
रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के वैज्ञानिक मूल रूप से उत्तराखंड के रुड़की वासी कुरुक्षेत्र एनआईटी से 2013 बैच के टॉपर निशांत अग्रवाल को महाराष्ट्र के नागपुर से सोमवार को यूपी की एसआईटी ने गिरफ्तार किया था। एनआईटी के इस पूर्व होनहार छात्र पर आरोप है कि वह भारत की गुप्त जानकारी पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी दे रहा था।
अगस्त 2012 में हुई थी निशांत की प्लेसमेंट
अगस्त 2012 को निशांत की प्लेसमेंट डीआरडीओ में हुई थी। तब निशांत की इस अचीवमेंट का पत्र एनआईटी ने जारी किया था। पिछले चार साल से डीआरडीओ की नागपुर यूनिट में कार्यरत निशांत को जब सोमवार सुबह डीआरडीओ की ब्रह्मोस यूनिट पर यूपी एटीएस और इंटेलिजेंस मिलिट्री दिल्ली ने गिरफ्तार किया तो इस घटना से एनआईटी कुरुक्षेत्र को भी झटका लगा।