रियो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई कर चुकी दिल्ली की टेबल टेनिस खिलाड़ी मनीका बतरा इन दिनों शहर में है। वह पीयू में चल रही नॉर्थ जोन टेबल टेनिस चैंपियनशिप में हिस्सा ले रही है।
मनीका ने बताया कि उनका पूरा ध्यान रियो ओलंपिक पर हैं। जहां पर बेहतरीन प्रदर्शन करके देश के लिए पदक हासिल कर सके। एक सवाल का जवाब देते हुए मनीका ने कहा की उनका पहला ओलंपिक हैं। मेरा पूरा प्रयास रहेगा की इसमें अपने जीवन का उम्दा प्रदर्शन कर सकूं। इसके साथ ही इन्होंने बताया कि इस बार ओलंपिक में अधिक पदक की उम्मीद की जा सकती हैं। वहीं मनीका ने कहा कि पीयू में टेबल टेनिस चैंपियनशिप को रियो से पहले एक तैयारी के रूप में देख रही है। उन्होंने कहा कि इसमें हिस्सा लेते हुए वह अपनी खामियां को दूर करना चाहती है।
दिग्गज खिलाडि़यों को हरा कटाया रियो का टिकट
मनीका ने बताया कि रियो ओलंपिक के क्वालीफाइंग मुकाबलों से पहले वह पूरी तरह से नर्वस थी। इसे बावजूद संदीप गुप्ता ने मेरा साहस बढ़ाया और नर्मल रहते हुए खेलने को कहा। इससे मेरा आत्मविश्वास बढ़ा और रियो ओलंपिक का क्वालीफाइंग मुकाबला जीतने में कामयाब रही।
उन्होंने बताया की रियो ओलंपिक के क्वालीफाइंग मुकाबले हॉगकांग में 13-17 अप्रैल के बीच खेला गया। जहां पर पहले मैच में कोलकाता की मोमा दास को करीबी मुकाबले में हराया। जबकि दूसरे मैच में चेन्नई की के. सामनी को हराकर अपना रियो का टिकट पक्का किया। मनीका ने बताया की रियो की तैयारी करने के लिए टेबल टेनिस फेडरेशन आफ इंडिया की ओर से जापान में भेजा गया था। जहां पर तकरीबन 15 दिन कैंप का आयोजन किया गया था।
माता पिता का अहम योगदान...
मनीका बतरा ने बताया की वह 4 साल की आयु से ही टेबल टेनिस खेलना शुरू कर दिया था। दी थी। बड़ी बहन भी टेबल टेनिस खेलती थी। उसके साथ रोजाना अभ्यास करने जाती थी। बतरा ने बताया जिस खेल की वजह से आज यहां तक पहुंची हूं उसमें मेरे माता-पिता का भी बहुत बड़ा योगदान हैं। उन्होंने कहा की जब कभी किसी मुकाबले में हार मिलती थी। तो मां हमेशा यही कहती की हार से डरने से कुछ नही होगा अपनी कमजोरियाें पर ध्यान देते हुए आगे बढ़ो।