अनु मलिक कहते हैं कि जब सन्नी का जन्म हुआ था उससे कुछ समय पहले ही नुसरत फतेह अली खां जी का देहांत हुआ था। अब ऐसा लगता है मानो नुसरत साहब का सन्नी के रूप में नया जन्म हुआ है। जबकि विशाल डडलानी ने कहा कि नुसरत फतेह अली खां आज भी सन्नी जैसे गायकों के रूप में जीवित हैं।
शो के दौरान मुख्य मेहमान के रूप में पहुंचे पंजाबी गायक हंसराज हंस भी सन्नी की गायकी से प्रभावित हुए बिना न रह सके। सन्नी द्वारा गाए गीत ये जो हल्का-हल्का सुरूर है... सुन हंसराज समेत तीनों जज भावुक हो उठे। सोशल मीडिया पर भी सन्नी की वीडियो खूब वायरल हो रही हैं। जिसमें सन्नी के बूट पालिश करने से लेकर अब तक के सफर का दिखाया जा रहा है।