कोरोना काल में वित्तीय संकट का सामना कर रहे पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (पीएसईबी) ने 1970 से लेकर 2018 तक 10वीं और 12वीं की परीक्षा पास करने वाले सभी छात्रों को अपने नंबर बढ़ाने का अवसर दिया है। छात्र एक या एक से अधिक पेपर देकर अपनी मेरिट सुधार पाएंगे। हालांकि परीक्षा के लिए सिलेबस 2019-20 वाला ही रहेगा। इस संबंधी बोर्ड ने एक स्पेशल प्रॉस्पेक्टस तैयार कर अपनी वेबसाइट पर अपलोड कर दिया है। यहां से छात्र पूरी जानकारी हासिल कर पाएंगे।
जानकारी के मुताबिक पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड में कई ऐसे लोगों ने संपर्क किया था जो अपने नंबर और ज्यादा बेहतर करना चाहते हैं। इनकी दलील थी कि 50 साल पहले पास हुए छात्रों को अपने नंबर अधिक लाने के लिए एक खास मौका दिया जाना चाहिए, जिससे वह लोग भी अपना बेहतर परिणाम सुधार सकें। इसके बाद उच्च स्तरीय बैठक में पहले साल 1970 से लेकर 2003 तक के छात्रों को स्पेशल मौका दिया गया था।
यह भी पढ़ें - हलवारा एयरबेस जासूसी कांड : स्टेशन में सबसे अहम जगह पर तैनात था रामपाल, अब ठेकेदार-रिश्तेदार से पूछताछ
अब 2018 तक के छात्रों को स्पेशल चांस दिया गया है। बोर्ड के परीक्षा कंट्रोल जनक राज महरोक ने इसकी पुष्टि की। उन्होंने बताया कि ऐसे छात्र किसी भी कामकाजी वाले दिन बोर्ड पहुंचकर अपने फार्म भरकर अपनी योग्यता संबंधी जरूरी दस्तावेज जमा करवाएं। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन से फीस भरने की निजी अनुमति लेकर आगे की कार्रवाई कर पाएंगे।
वेबसाइट और हेल्पलाइन नंबर जारी
परीक्षा फार्म बोर्ड की वेबसाइट
www.pseb.ac.in पर उपलब्ध करवा दिए गए हैं। परीक्षा बोर्ड के मुख्यालय मोहाली में करवाई जाएगी। इस संबंधी पूरे पंजाब में कोई परीक्षा केंद्र स्थापित नहीं किया जाएगा। 10वीं की परीक्षा संबंधी अधिक जानकारी टेलीफोन नंबर 0172-5227274, 5227292 और 12वीं के छात्र फोन नंबर 0172-5227319, 5227305 पर संपर्क करके ले सकते हैं।
यह भी पढ़ें - 2021 से आस : नए साल से चंडीगढ़ को कई उम्मीदें, इस साल मिलेंगी कई सौगातें
वेबसाइट से मिलेंगे रोल नंबर
बोर्ड से मिली जानकारी के मुताबिक अकेडमी या अकेडमी के पते वाला कोई भी फार्म स्वीकार नहीं किया जाएगा। ऐसा करने पर परीक्षा फार्म रद्द कर दिया जाएगा। किसी भी छात्र को डाक के पते पर रोल नंबर नहीं भेजा जाएगा। परीक्षा से एक हफ्ता पहले बोर्ड की वेबसाइट पर रोल नंबर आ जाएंगे। रोल नंबर न आने पर छात्रों को बोर्ड से संपर्क करना होगा। दिव्यांग छात्रों को राइटर की सुविधा मिलेगी। हालांकि इसके लिए जिले के मेडिकल अधिकारी का सर्टिफिकेट और अन्य शर्तें रखी गई हैं। किसी विवाद की स्थिति में कानूनी कार्रवाई मोहाली अदालत में ही होगी।
यह है पास फार्मूला
जानकारी के मुताबिक परीक्षा पास करने के लिए 33 फीसदी अंक होना जरूरी किया गया है। इस परीक्षा में कम से कम एक अंक की बढ़ोतरी जरूरी है। अगर इस बार की परीक्षा में पुरानी परीक्षा के मुकाबले में नंबर कम आते हैं, तो उन्हें नहीं माना जाएगा। ऐेसे हालात में रिजल्ट पुराना रहेगा। वहीं, कारगुजारी बढ़ाने का नया सर्टिफिकेट पुराने सर्टिफिकेट को जमा करवाने पर मिलेगा।