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तिहरे मडर्र केस में पुलिस ने लोगों को बुलाकर जांच की शुरू

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मनीमाजरा। माडर्न कांप्लेक्स में हुए तिहरे हत्याकांड की गुत्थी को सुलझाने के लिए चंडीगढ़ पुलिस सबूत जुटाने में जुटी हुई है। इसके लिए पुलिस अब कनाडा तक संपर्क कर रही है। संजय के पड़ोस के घर में लगे सीसीटीवी फुटेज के लिए पुलिस ने कनाडा में रहने वाले परिवार से संपर्क साधा है। पुलिस हर पहलू की जांच के बाद ही हत्या की इस उलझी गुत्थी पर किसी नतीजे पर पहुंचना चाहती है।
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पुलिस ने शनिवार को संजय अरोड़ा के पड़ोसियों के घरों में लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगालना शुरू कर दिया है। पुलिस ने संजय अरोड़ा के पड़ोसी (फ्लैट नंबर 5011) के यहां लगे सीसीटीवी फुटेज को हासिल करने के लिए कनाडा फोन पर संपर्क किया। क्योंकि पड़ोस के इस घर में रहने वाले सभी लोग फिलहाल कनाडा में रह रहे हैं। पुलिस ने इनके अलावा अन्य पड़ोसियों की सीसीटीवी फुटेज लेकर यह जानने की कोशिश कर रही है कि आखिर बीते बुधवार को संजय अरोड़ा के परिवार की हत्या किसने की।
उधर, पुलिस ने संजय अरोड़ा ने अपने सुसाइड नोट में जिन लोगों के नाम लिखे हैं, पुलिस अब उन सभी लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। शनिवार को पुलिस ने संजय अरोड़ा के सेक्टर-9 में स्थित कृष्णा स्वीट्स को चलाने वाले कर्मवीर और उसके भाई धर्मवीर को बुलाकर भी पूछताछ शुरू कर दी। दोनों भाइयों ने संजय की दुकान के साथ कोठी भी किराए पर ले रखी है, जिसका किराया चार लाख रुपये है। हालांकि इनसे पूछताछ में क्या निकलकर सामने आया है, पुलिस इसका खुलासा नहीं कर रही।
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सांची के हाथ में किसके बाल थे?
वहीं पुलिस की जांच इस एंगल पर भी घूम रही है कि संजय अरोड़ा की बेटी सांची के हाथ में जो बाल हैं, वह किसके हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, संजय अरोड़ा के सिर पर बाल कम ही थे जबकि उसकी बेटे सांची के हाथ में मरते समय कुछ बाल थे।
संजय के ट्रेन से टकराने के बाद शताब्दी के ड्राइवर ने बुलाई थी एंबुलेंस
माई सिटी रिपोर्टर
जीरकपुर। मनसा देवी के रेलवे ब्रिज के पास सुरेंद्र अरोड़ा उर्फ संजय ने शताब्दी के आगे कूदकर आत्महत्या करने की कोशिश की थी। उस सयम ट्रेन के ड्राइवर ने एंबुलेंस को कॉल कर उसे घायल अवस्था में चंडी मंदिर रेलवे स्टेशन तक पहुंचाया। जहां से एंबुलेंस उसे उपचार के लिए पंचकूला सेक्टर छह के जनरल अस्पताल की इमरजेंसी लेकर गई थी। अस्पताल में एक घंटे तक प्राथमिक उपचार देने के बाद तबीयत बिगड़ने पर इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों ने संजय को पीजीआई रेफर कर दिया था। यह घटना बुधवार रात करीब 8.50 बजे की है। उस समय शताब्दी ट्रेन नई दिल्ली से चंडीगढ़ होते हुए कालका के लिए निकल रही थी। इस दौरान संजय आत्महत्या के लिए ट्रेन के आगे कूद गया। ट्रेन से टकराने के बाद संजय काफी दूर जाकर गिरा। उसके सिर और शरीर पर काफी अंदरूनी चोटें भी आईं। इस बारे में जीरआपी की सब इंस्पेक्टर उर्मिला ने बताया कि पुलिस ने धारा 174 के तहत केस दर्ज कर लिया है। उन्होंने बताया कि पुलिस को दिए बयान में उसके परिजनों ने सुसाइड के कारण का जिक्र नहीं किया है कि उसने सुसाइड किस वजह से और क्यों किया। उन्होंने बताया कि सिविल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
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