चंडीगढ़। आस्ट्रेलिया, हांगकांग, कनाडा, सिंगापुर में कैरियर संवारने का लालच देकर विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वाली इमीग्रेशन फ्राड क्वीन रश्मि नेगी को चंडीगढ़ की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने गिरफ्तार किया है। आरोपी रश्मि नेगी को पुलिस ने पिछले डेढ़ साल में दूसरी बार गिरफ्तार किया है। सोमवार को सेक्टर-51 निवासी आरोपी रश्मि को पुलिस ने जिला अदालत में पेश कर चार दिन का रिमांड हासिल किया। रश्मि के खिलाफ चार अलग-अलग मामलों में हरियाणा व पंजाब के युवाओं को विदेश भेजने के नाम पर करीब 65 लाख रुपये की ठगी का आरोप है। सेक्टर-34 थाना पुलिस ने रश्मि नेगी के खिलाफ धोखाधड़ी व इमीग्रेशन एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।
सेक्टर-9 स्थित पुलिस मुख्यालय में टोहाना निवासी विकास कुमार ने बताया कि वह आइलेट्स कोचिंग सेंटर चलाते हैं। आरोप है कि सेक्टर-34 स्थित वर्र्ल्ड वाइड सर्विस के नाम से इमीग्रेशन दफ्तर चलाने वाली रश्मि नेगी की ओर से उन्हें फोन आया था कि वह विदेश भेजने का काम करती हैं। इस दौरान कोचिंग सेंटर में पढ़ने वाले दो छात्रों से आस्ट्रेलिया का वीजा लगवाने के नाम पर 15-15 लाख रुपये की मांग की गई, लेकिन दोनों का सौदा 25 लाख में तय हुआ। इसके बाद एडवांस के तौर पर 1-1 लाख रुपये ले लिया गया।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि बाकी के रुपये बैंक खाते में देने की बात हुई तो टैक्स कटने का झांसा दिया और उनसे चंडीगढ़ के सेक्टर-34 स्थित दफ्तर में 20 लाख नकद लेकर वीजा दे दिया। बाद में उन्हें पता लगा कि यह वीजा फर्जी है। रश्मि नेगी से इस बारे में बात की गई तो वह उन्हें धमकाने लगी कि अगर उन्होंने पैसे मांगे तो वह उन पर छेड़छाड़ का मामला दर्ज करवा देगी। कई बार कहने के बावजूद रश्मि ने उनके पैसे वापस नहीं किए, जिससे परेशान होकर शिकायतकर्ता ने मामले की शिकायत पुलिस को दी। वहीं, तीन अन्य अलग-अलग मामलों में इसी तरह कुरुक्षेत्र निवासी रनदीप सिंह से 15 लाख 50 हजार, फिरोजपुर निवासी सुमंत से 15 लाख और हरियाणा के नरवाना निवासी मनीष कुमार से विदेश भेजने के नाम पर 10 लाख रुपये ठगी करने का आरोप है।
अलग-अलग राज्यों में दर्ज है केस
पिछले कई साल से युवाआें को विदेश में कैरियर बनाने का झांसा देकर धोखाधड़ी का खेल चल रहा है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उक्त आरोपी के खिलाफ उत्तराखंड, यूपी, पश्चिम बंगाल, पंजाब, हिमाचल प्रदेश समेत अन्य राज्यों में कई मामले दर्ज है। वहीं, आरोपी से पुलिस पूछताछ करने में जुटी हुई है कि अब तक उसने कितने लोगों से ठगी की है। पुलिस का कहना है कि चार दिन के रिमांड के दौरान कई मामलों का खुलासा हो सकता है।
पुलिस ने की थी अपील
बता दें कि जून 2019 में करीब 15 लोगों से विदेश भेजने के नाम पर सेक्टर-34 थाना पुलिस ने रश्मि पर मामला दर्जकर गिरफ्तार किया था। हालांकि, बाद में उसे जमानत मिल गई थी। पुलिस ने अपील की थी कि अगर किसी को विदेश जाने के लिए रुपये देने हैं तो हमेशा आरटीजीएस, चेक व बैंक खाते में जमा करवाकर ही रुपये दें। कभी भी किसी को नकद न दें। इसके अलावा इमीग्रेशन कंपनी के बारे में चंडीगढ़ पुलिस की वेबसाइट पर भी चेक कर लें कि कहीं कंपनी फ्राड तो नहीं। किसी भी एजेंट के बारे में स्थानीय पुलिस स्टेशन से भी जानकारी हासिल की जा सकती है।
चर्चित मामले में हाल ही में मिली थी जमानत
रश्मि नेगी वही महिला है, जिसके खिलाफ हाल ही में मोहाली की सीबीआई अदालत में सीबीआई की ओर से एक चर्चित मामले में आरोपी बनाते हुए चार्जशीट दायर की गई थी, जहां से वह जमानत भी ले चुकी है। पकड़ी गई रश्मि नेगी को आर्थिक अपराध शाखा की टीम अब 29 जनवरी को जिला अदालत में पेश करेगी।