एक्स पर लिखी पोस्ट को लेकर जताई आपत्ति, कार्रवाई की मांग
वाड्रा लैंड डील में पीएम को टारगेट करने के आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा के वरिष्ठ आईएएस संजीव वर्मा ने वरिष्ठ आईएएस अशोक खेमका के खिलाफ एक और चिट्ठी प्रदेश के मुख्य सचिव को लिखी है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि खेमका ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर वाड्रा लैंड डील को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टारगेट किया है। वर्मा ने इसे आचार संहिता का उल्लंघन करार देते हुए कार्रवाई की मांग की है।
पिछले दिनों आईएएस खेमका ने अपने एक्स हैंडल पर वाड्रा लैंड डील को लेकर पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था ''''''''वाड्रा-DLF सौदे की जांच सुस्त क्यों? 10 साल हुए और कितनी प्रतीक्षा। ढींगरा आयोग की रिपोर्ट भी ठंडे बस्ते में। पापियों की मौज। शासक की मंशा कमजोर क्यों? प्रधानमंत्री का देश को वर्ष 2014 में दिया गया वचन एक बार ध्यान तो किया जाए।'''''''' आईएएस वर्मा ने इसी पोस्ट को अपनी शिकायत का आधार बनाया है।
वर्मा ने शिकायत में लिखा है कि आईएएस अशोक खेमका सरकारी सेवक हैं, बावजूद इसके वह सरकार की ही आलोचना कर रहे हैं। साथ ही प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री की मंशा पर सवाल उठा रहे हैं। यह संदेश न केवल मतदाताओं को उत्तेजित करेगा, बल्कि शत्रुता या घृणा की भावनाओं को भी बढ़ावा देगा। वर्मा ने अपने पत्र में सर्वोच्च न्यायालय की गाइडलाइन का भी हवाला दिया है। वर्मा ने उनके खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 123 और 125 और IPC की धारा 153ए के तहत कार्रवाई की मांग की है।
आईएएस अशोक खेमका और संजीव वर्मा के बीच पिछले काफी समय से विवाद चल रहा है और दोनों एक दूसरे खिलाफ शिकायतें दे चुके हैं। शिकायतों की जांच के लिए सरकार मुख्य सचिव टीवीएसएन प्रसाद की अध्यक्षता में जांच कमेटी का भी गठन कर चुकी है।