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होली के नाम पर पंजाब यूनिवर्सिटी में मचाया हुड़दंग, लड़कियों को जबरन लगाया रंग, दी गई शिकायत

Thu, 12 Mar 2020 12:18 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़
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सांकेतिक तस्वीर
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पंजाब यूनिवर्सिटी कैंपस में मंगलवार को होली सेलिब्रेशन के नाम पर काफी हुड़दंग हुआ। कड़ी सुरक्षा के दावा यहां हवाहवाई हो गए। पीयू की लड़कियों ने आरोप लगाया कि रास्ते में निकलते समय लड़कों ने जबरन उन्हें रंग लगाया। इसका वीडियो भी काफी वायरल हुआ।
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इसको लेकर पीयू एनएसयूआई की महिला विंग ने बुधवार को डीएसडब्ल्यू को ई-मेल कर शिकायत है कि है कि होली पर छेड़छाड़ करने वाले लड़कों पर जल्द कार्रवाई होनी चाहिए। इस संबंधी डीएसडब्ल्यू इमैन्युअल नाहर ने कहा कि वीडियो देखा है यह पीयू में ऐसी घटना शर्मनाक है। स्टूडेंट काउंसिल सदस्यों की मदद से लड़कों की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं।

पंजाब यूनिवर्सिटी में होली पर सिक्योरिटी से संबंधित जब छात्राओं से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा हर साल होली पर ऐसी छेड़छाड़ होती रहती है। अगर सिक्योरिटी गार्ड्स को शिकायत करो तो उनका रवैया होता है ‘अगर इतना ही डर लगता है तो हॉस्टल से बाहर ही क्यों आते हो।’ इस संबंधी जब पीयू वीसी प्रो. राज कुमार से फोन पर बातचीत की गई तो फिलहान उन्होंने इस कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
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लड़कों की पहचान कर कार्रवाई हो
पंजाब यूनिवर्सिटी के लॉ की छात्रा बैनजीर ने बताया कि मंगलवार को कैंपस से हॉस्टल की तरफ आ रही थी। इस दौरान लड़कों के एक झुंड ने छेडछाड़ करने की कोशिश की। पहली बार मुझे यूनिवर्सिटी में दिन के अंदर असुरक्षित महसूस हुआ और डर लगा। पीयू प्रशासन को सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली वीडियों में लड़कों को पहचान उन पर कार्रवाई करनी चाहिए।

पीयू में सिक्योरिटी गार्ड्स की कमी
पंजाब यूनिवर्सिटी एबीवीपी की सदस्य और छात्रा प्रिया शर्मा ने बताया कि कैंपस में सिक्योरिटी गार्ड्स की कमी है। इसकारण अक्सर ऐसी घटनाएं सामने आ जाती हैं। यूनिवर्सिटी को चाहिए कि विद्यार्थियों को अच्छी सिक्योरिटी मुहैया करवाई जाए। बाहर के लोगों को बिना वजह कैंपस में आने पर रोक लगाई जाए।

शिकायत करने पर सिक्योरिटी नहीं लेती एक्शन
पंजाब यूनिवर्सिटी एनएसयूआई की सदस्य और छात्रा पाहुल ने बताया कि पीयू हर साल त्योहारों और एनुअल फेस्टिवल के समय सिक्योरिटी मुहैया करवाता है। लेकिन सिक्योरिटी गार्ड्स के होते हुए लड़कियों के साथ छेड़छाड़ की घटनाएं हो जाती है और बिना लड़की की शिकायत के सिक्योरिटी कोई एक्शन नहीं लेती है। यहां तक कि कई बार गार्ड्स ने बोला भी है कि डर लगता है तो बाहर ही क्यों आते हो।

पीयू में ऐसी घटनाएं आम हुईं, नहीं लेता कोई एक्शन
पंजाब यूनिवर्सिटी की लॉ की छात्रा अंजलि ने बताया कि यूनिवर्सिटी में होली, एनुअल फेस्टिवल और रात के समय लड़कियों के साथ छेड़छाड़ आम बात है। पीयू में होली के दिन कैंपस में बुरा हाल होता है। लड़कियों के लिए बाहर आना-जाना भी मुश्किल होता है। इसके साथ ही गर्ल्स हॉस्टल के पास भी लड़कों ने गेडी रूट बना रखा है। जहां शाम के समय लड़कियों के साथ अक्सर छेड़छाड़ होती रहती है। यह इतना आम हो गया है कि लड़कियों को लगता है कि यह रोज का मामला है किसे-क्या शिकायत करें।

सोशल मीडिया पर वायरल हो रही पीयू की होली की वीडियो देखी है। हर साल त्योहार पर छोटी-छोटी घटनाएं होती हैं। लेकिन इनकी कोई शिकायत नहीं होती है। हालांकि मंगलवार को होली के दिन पीयू के सभी गेट पर सिक्योरिटी थी, इसके बावजूद ऐसी घटना होना गलत है।
- मनप्रीत माहल, ज्वॉइंट सेक्रेटरी, स्टूडेंट काउंसिल

सोशल मीडिया पर जो पीयू में होली के दिन छेड़छाड़ की जो वीडियो वायरल हो रही है, उसके खिलाफ अभी तक हमारे पास कोई शिकायत नहीं आई है। छेड़छाड़ करने वाले लड़कों पर कार्रवाई होनी चाहिए। हालांकि होली के दिन पीयू में सिक्योरिटी के साथ पुलिस भी डीएसपी समेत तैनात थी।
- चेतन चौधरी, अध्यक्ष, स्टूडेंट काउंसिल

हमारे पास किसी विद्यार्थी की छेड़छाड़ संबंधी कोई शिकायत नहीं आई है। मंगलवार को होली के दिन हमने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था करवाई हुई थी। इसके बारे में विस्तार से डीएसडब्ल्यू बताएंगे।
-प्रो. करमजीत सिंह, रजिस्टरार, पीयू

पीयू के पास नहीं है सैक्सुअल हैरासमेंट कमेटी
पंजाब यूनिवर्सिटी के पास वर्तमान में सैक्सुअल हैरासमेंट कमेटी भी नहीं है। पीयू सिंडिकेट सदस्य ने नाम ना बताने की शर्त पर बताया कि पंजाब यूनिवर्सिटी सैक्सुअल हैरासमेंट कमेटी की समय सीमा नवंबर 2019 में खत्म हो गई थी। इसकेबाद कमेटी को आगे बढ़ाते रहे। कमेटी के दो सदस्य रिटायर हो गए हैं। इसके बाद सीनेट और सिंडिकेट के अप्रूवल के बिना कमेटी में दो लोगों के नाम शामिल किए गए। रविवार को हुई सिंडिकेट की बैठक में इसको लेकर विवाद हो गया।
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