सख्त नियमों के चलते खाली रह गए पद
लिखित परीक्षा में 600 अंकों में 270 अंक प्राप्त करना जरूरी था। नियमों के तहत पदों के तीन गुणा तक अभ्यर्थियों को रखना होता है लेकिन एचपीएससी ने हर विषय में पास होना और कुल 45 प्रतिशत अंकों की शर्त लगा दी, जिसके चलते शेष अभ्यर्थ भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो गए।
सुरजेवाला का तंज, ये कैसा अमृतकाल
कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सुरजेवाला का आरोप है कि हरियाणा सरकार आरक्षित वर्गों यानी एससी, बीसी, पूर्व सैनिक व ईएसएम को एचसीएस के लायक नहीं समझती। ईडब्ल्यूएस के अलावा आरक्षित वर्गों की एससी सहित कुल 37 में से 26 पदों को खाली रख दिया। एससी श्रेणी की कुल 18 सीट थी केवल छह भरी गई हैं और 12 पदों को खाली रखा गया है। इसी प्रकार, बीसी ए श्रेणी की कुल 10 सीट में से केवल तीन भरी गई हैं, बीसीबी श्रेणी की कुल पांच सीटों में केवल एक भरी गई हैं। ईएसएम श्रेणी की कुल छह सीट थी, केवल एक भरी गई है, इसके अलावा दिव्यांग श्रेणी की कुल चार सीटें थी और चारों को ही खाली रख दिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार का यह कैसा अमृतकाल है।