25 अगस्त 2017 को पंचकूला में हुई हिंसा एवं आगजनी के मामले में सोमवार को सुनवाई हुई। इस दौरान हनीप्रीत की पेशी वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये हुई, जबकि कुछ आरोपी कोर्ट में पेश हुए। सुनवाई के दौरान पुलिस ने 11 आरोपियों को सप्लीमेंटरी चालानों की कॉपी सौंपी। मामले की अगली सुनवाई अब 13 नवंबर को होगी। यह सभी आरोपी जेल में बंद हैं।
बचाव पक्ष के वकील सुरेश रोहिल्ला ने बताया कि सोमवार को हुई सुनवाई में पुलिस को दंगे से संबंधित सीडी कोर्ट में उपलब्ध करानी थी। लेकिन अब पुलिस ने अगली तारीख पर सीडी देने को कहा है। अगली सुनवाई के दौरान ही हनीप्रीत सहित अन्य सभी आरोपितों के खिलाफ चार्ज फ्रेम करने के लिए बहस शुरू होगी। चार्जशीट में हनीप्रीत समेत अन्य को पंचकूला में दंगे व हिंसा की घटना के लिए आरोपी बनाया गया है।
इसमें हनीप्रीत पर गंभीर आरोप हैं। हनीप्रीत के खिलाफ एफआईआर नंबर 345 में चालान पेश किया गया था। इस चार्जशीट में कुल 67 लोगों को गवाह बनाया गया है। आरोप पत्र के तीन पन्नों में डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम और डेरे के 6 सुरक्षाकर्मियों का भी जिक्र किया गया था। इस मामले में हनीप्रीत इंसां, उसकी साथी सुखदीप कौर, राकेश कुमार अरोड़ा, सुरेंद्र धीमान इंसां, चमकौर सिंह, दानसिंह, गोविंद राम, प्रदीप गोयल इंसा व खैराती लाल सहित अन्य पर आरोप है।